महाशिवरात्रि को लेकर महादेवगढ़ मंदिर में धार्मिक परंपरा अनुसार शिव विवाह के आयोजन किए जा रहे है। शनिवार को पारंपरिक हल्दी की रस्म का आयोजन हुआ। भगवान भोलेनाथ को हल्दी लगाई गई। मातृशक्ति ने मंगल गीत गाए। रविवार को श्री दादाजी दरबार से भगवान भोलेनाथ अपने गणों के साथ माता पार्वती से विवाह रचाने बारात लेकर निकलेंगे।
भोले की बारात का आयोजन दोपहर 3 बजे से होगा। इसके पूर्व मंदिर पर दोपहर 2 बजे से 20 क्विंटल साबूदाने की खिचड़ी का वितरण प्रारंभ हो जाएगा। यह व्यवस्था मोहन पालीवाल, अतुल अग्रवाल, विनोद दहेलिया, मंदिर समिति की टोली द्वारा की जाएगी। महादेवगढ़ संरक्षक अशोक पालीवाल ने बताया कि रविवार दोपहर 2 बजे से श्री दादाजी दरबार पर सखी सौम्या किन्नर महामंडलेश्वर द्वारा नवजात शिशुओं की नजर उतारने के साथ रुद्राक्ष वितरण किया जाएगा। इसके साथ ही भोले की बारात में विभिन्न आकर्षक झांकियां भी निकाली जाएंगी। निमाड़ी आदिवासी लोक गायक शशांक तिवारी भी डीजे की गाड़ी पर आदिवासी गीतों से अपनी प्रस्तुति देंगे।
भक्ति गीतों पर किया नृत्य
शनिवार को हल्दी की रस्म में मंगल गीतों की प्रस्तुति हुई। इस अवसर पर युवाओं ने भी सहभागिता करते हुए भक्ति गीतों पर नृत्य किया। महादेवगढ़ मातृशक्ति एवं भोले की बारात अध्यक्ष चारुलता यादव ने बताया कि भोले की बारात भगवा स्वरूप में निकलेगी, जो सनातन एकता और सांस्कृतिक गौरव का संदेश देगे। शारदा शर्मा, अर्चना अग्रवाल, सृष्टि दुबे, मोना पवार, शीतल सोनी, रेखा वर्मा, बसु बाई सहित पूरी टोली आयोजन की तैयारी में लगी हुई है। मोनू गौर, संकेत जोशी, कुश पालीवाल, हरीश असवानी, लोकेश दुबे, सोनू वासवानी, नीरज यादव, विशाल पासी, राज पासी, आकाश दुबे, निखिल देवारे, आशुतोष सोनी व युवा बारात की व्यवस्था को संभालेंगे।