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सिंहस्थ 2028… विकास की परियोजनाओं से होगा तीर्थनगरी में क्राउड कंट्रोल मैनेजमेंट

-ओंकारेश्वर, ममलेश्वर मंदिर परिसरों के विस्तार की तैयारी तेज -नई परियोजना से लाखों श्रद्धालुओं को मिलेगी सुविधा

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Manish Arora

Feb 13, 2026

सिंहस्थ 2028 को ध्यान में रखते हुए तीर्थ नगरी ओंकारेश्वर में संभावित भारी भीड़ के मद्देनजऱ प्रशासन ने अभी से क्राउड कंट्रोल मैनेजमेंट की तैयारी शुरू कर दी है। ओंकारेश्वर मंदिर और ममलेश्वर मंदिर विस्तार परियोजना के माध्यम से प्रशासन सुविधाओं को बढ़ाना चाहता है, ताकि सिंहस्थ में कोई परेशानी न हो। इसके लिए दोनों मंदिरों के विकास के साथ तीर्थनगरी के विकास की योजना भी प्रशासन ने जनता के सामने पेश की है।

इंदौर-इच्छापुर हाईवे के शुरू होने और इंदौर-खंडवा रेल लाइन के चालू होने के बाद ओंकारेश्वर में श्रद्धालुओं की संख्या में उल्लेखनीय वृद्धि का अनुमान है। प्रशासन के आकलन के अनुसार, आने वाले समय में प्रतिदिन लगभग एक लाख श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना है। वर्तमान में ओंकारेश्वर मंदिर परिसर और वहां तक पहुंचने वाले मार्ग काफी संकरे हैं, जिससे भीड़ प्रबंधन चुनौतीपूर्ण हो जाता है। इसी को ध्यान में रखते हुए मंदिर परिसर के विस्तार की योजना तैयार की गई है। इस योजना के तहत पार्किंग व्यवस्था का विस्तार, मंदिर तक पहुंच मार्ग का चौड़ीकरण, श्रद्धालुओं के लिए विश्राम स्थल, प्रसाद वितरण केंद्र और सुव्यवस्थित कतार प्रणाली विकसित की जाएगी।

विस्थापन के लिए भी ठोस योजना
ओंकारेश्वर, ममलेश्वर मंदिर विस्तार को लेकर संभावित विस्थापन की प्रक्रिया पर भी प्रशासन गंभीरता से काम कर रहा है। पिछली बार ममलेश्वर लोक को लेकर अचानक प्रस्तुत कार्ययोजना के कारण स्थानीय स्तर पर विरोध की स्थिति बनी थी। इसके बाद प्रशासन ने रणनीति में बदलाव करते हुए संतों, स्थानीय निवासियों और जनप्रतिनिधियों को विश्वास में लेकर आगे बढऩे का निर्णय लिया है।

आधुनिक सुविधायुक्त तीर्थ नगरी का विकास
कलेक्टर ऋषव गुप्ता का कहना है कि विकास और आस्था के संतुलन को ध्यान में रखते हुए सभी हितधारकों से संवाद किया जा रहा है। प्रशासन का प्रयास है कि सिंहस्थ 2028 तक ओंकारेश्वर को सुव्यवस्थित, सुरक्षित और आधुनिक सुविधाओं से युक्त तीर्थ नगरी के रूप में विकसित किया जाए, ताकि लाखों श्रद्धालु सुगमता से दर्शन लाभ ले।

इन कारणों से बढ़ेगी भीड़
इंदौर-एदलाबाद राजमार्ग आरंभ होने से

-सनावद और मोरटक्का तक हाई स्पीड कॉरिडोर
-इंदौर से यात्रा का समय घटकर महज डेढ़ घंटे
-हल्के वाहनों में 40 प्रतिशत की वृद्धि
-टूर ऑपरेटर बसों/पर्यटक बसों में 30 से 40 प्रतिशत वृद्धि

मोरटक्का में नया रेलवे स्टेशन
-इंदौर-उज्जैन-खंडवा, भोपाल से सीधी ट्रेन सुविधा
-पीक सीजन में प्रति सप्ताह 25 हजार यात्रियों की वृद्धि
-सिंहस्थ तीर्थयात्रियों के प्रमुख ट्रांजिट बिंदु

बड़ौदा-बैतूल ग्रीनफील्ड राजमार्ग
गुजरात और मध्य भारत के बीच नई कड़ी
-ओंकारेश्वर एक स्वाभाविक आध्यात्मिक पड़ाव बनेगा
-गुजरात से तीर्थयात्री वाहनों में 35 प्रतिशत वृद्धि

एकात्म धाम स्थापना एवं पर्यटन केंद्र
-108 फीट ऊंची प्रतिमा स्टैच्यू ऑफ वननेस ओंकार पर्वत पर स्थापित
-ओंकारेश्वर अभ्यारण एवं पर्यटन केंद्र सैलानी टापू
ममलेश्वर विस्तार परियोजना
-ओंकारेश्वर के दक्षिण तट पर स्थित ममलेश्वर ज्योतिर्लिंग एवं आसपास के मंदिरों को उन्नत कर ममलेश्वर मंदिर परिसर विस्तार किए जाने से भीड़ बढ़ेगी।

वर्तमान सडक़ों की क्षमता
-पार्किंग वन से पुराना बस स्टैंड 6 मीटर चौड़ाई, 240 व्यक्ति प्रति मिनट फ्लो रेट
-पुराना बस स्टैंड से जेपी चौक 5 मीटर चौड़ाई, 200 व्यक्ति प्रति मिनट फ्लो रेट
-जेपी चौक से ओंकारेश्वर मंदिर 4.5 मीटर चौड़ाई, 180 व्यक्ति प्र्रति मिनट फ्लो रेट