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Kamduni Gangrape-Murder Case : भाजपा ने सामूहिक बलात्कार और हत्या के दोषियों की रिहाई के लिए पश्चिम बंगाल सरकार को ठहराया जिम्मेदार

कोलकाता। कोलकाता हाईकोर्ट (High Court) द्वारा कामदुनी सामूहिक बलात्कार और हत्याकांड (Kamduni Gangrape-Murder Case) के दोषियों को रिहा करने के विरोध में भाजपा (BJP) और कई अन्य संगठनों ने मंगलवार को रैली (rally) निकाली। भाजपा (BJP) ने आरोप लगाया कि अभियोजन पक्ष मजबूती से मामले को पेश करने में विफल रहा, जिसके कारण कलकत्ता उच्च न्यायालय (High Court) ने दोषियों की सजा कम कर दी। BJP rally against High Court Decision in Kamduni Gangrape-Murder Case

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कोलकाता। कोलकाता हाईकोर्ट (High Court) द्वारा कामदुनी सामूहिक बलात्कार और हत्याकांड (Kamduni Gangrape-Murder Case) के दोषियों को रिहा करने के विरोध में भाजपा (BJP) और कई अन्य संगठनों ने मंगलवार को रैली (rally) निकाली। भाजपा (BJP) ने आरोप लगाया कि अभियोजन पक्ष मजबूती से मामले को पेश करने में विफल रहा, जिसके कारण कलकत्ता उच्च न्यायालय (High Court) ने दोषियों की सजा कम कर दी। BJP rally against High Court Decision in Kamduni Gangrape-Murder Case

 

क्या था मामला?
दरअसल 7 जून 2013 को उत्तर 24 परगना के कामदुनी (Kamduni) में कॉलेज से एग्जाम देकर लौट रही 20 वर्षीय छात्रा के साथ छह युवकों ने सामूहिक बलात्कार (Gangrape) किया और फिर उसकी हत्या (Murder) कर दी। इस सम्बन्ध में 2016 में एक सत्र अदालत ने सुनवाई करते हुए अमीन अली, सैफुल अली और अंसार अली को मौत की सजा सुनाई जबकि इमानुल इस्लाम, अमीनुर इस्लाम और भोलानाथ नस्कर को आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई।
लेकिन कोलकाता हाईकोर्ट (High Court) ने पिछले हफ्ते शुक्रवार को अमीन अली की सजा को रद्द करते हुए उसे बरी कर दिया और साथ ही सैफुल अली और अंसार अली को मौत की सजा को आजीवन कारावास की सजा में तब्दील कर दिया। अदालत ने तीन अन्य को भी सामूहिक बलात्कार (Gangrape) के आरोप से बरी कर दिया और उन्हें आपराधिक साजिश रचने तथा सबूतों से छेड़छाड़ करने का दोषी ठहराया। इस फैसले के बाद से ही राज्य में हंगामा मचा हुआ है।

 

भाजपा (BJP) ने हाईकोर्ट (High Court) के फैसले के विरोध में निकाल रैली (rally)
राज्य में कई सामाजिक संगठनों ने हाईकोर्ट (High Court) के फैसले के विरोध में रैली (rally) निकाली और सभी से बिना राजनीतिक झंडे के आने के लिए आग्रह किया गया था। यह रैली (rally) मध्य कोलकाता में मेयो रोड पर एस्प्लेनेड से गांधी प्रतिमा तक निकाली गई , जिसमें कामदुनी (Kamduni) के लोगों के अलावा वामपंथी नेताओं और बुद्धिजीवियों ने भाग लिया। कोलकाता की रैली (rally) में भाग लेने वालों में शामिल कामदुनी (Kamduni) गांव की निवासी टुम्पा कोयल ने कहा कि हमें न्याय की मांग के लिए सड़कों पर उतरने के लिए मजबूर होना पड़ा है क्योंकि राज्य सरकार उच्च न्यायालय (High Court) के समक्ष उन लोगों के खिलाफ आरोप साबित करने में विफल रही, जिन्हें निचली अदालत ने दोषी ठहराया था।

वहीं राज्य विधानसभा में विपक्ष के नेता शुभेंदु अधिकारी ने उत्तर 24 परगना जिले के कामदुनी (Kamduni) में प्रदेश भाजपा (BJP) महिला प्रकोष्ठ द्वारा आयोजित एक रैली (rally) का नेतृत्व किया। रैली (rally) के दौरान शुभेंदु अधिकारी ने ममता बनर्जी सरकार पर आरोप लगते हुए कहा कि ममता सरकार एक बलात्कारी को संरक्षण दे रही है, इसके खिलाफ आज हम लोगों ने 2 किलोमीटर तक मार्च निकाला। ममता सरकार के कानून अधिकारी और CID ने इस मामले में छूट दी। हम पश्चिम बंगाल में महिलाओं के खिलाफ अपराध और उनकी सुरक्षा में सरकार की विफलता के खिलाफ राज्य भर में विरोध प्रदर्शन करेंगे।

BJP rally against High Court Decision in Kamduni Gangrape-Murder Case