ब्रह्माण्ड की रचना करने वाली देवी भगवती मां विंध्यवासिनी देवी दुर्गा के पराशक्ति रूपों में से एक है। देवी को यह नाम विंध्य पर्वत से मिला है। इस तरह विंध्यवासिनी का शाब्दिक अर्थ है विंध्य में निवास करने वाली देवी। ऐसी मान्यता है कि जहां-जहां सती के अंग गिरे थे वहां-वहां शक्तिपीठ स्थापित हो गए। जबकि विंध्य पर्वत वह स्थान है जहाँ देवी ने अपने जन्म लेने के बाद निवास करना चुना।