
नागौर. शहर में शुक्रवार को लगातार हुई घंटों बारिश के कारण कई इलाके जलमग्न हो गए। कई जगहों पर जल निकासी की व्यवस्था नहीं होने से पानी न केवल घरों में भर गया, बल्कि घर से निकलने के लिए लोगों को घंटों इंतजार करना पड़ा। कुछ जगहों पर खुले सीवरेज के चेंबर्स भी दुर्घटनाओं को दावत देते हुए नजर आए। जलभराव वाले इलाकों में सोनीबाड़ी, नया दरवाजा से बंशीवाला मार्ग, दिल्ली दरवाजा आदि क्षेत्रों में जलभराव से लोगों की स्थिति खराब रही। इसमें से सोनीबाड़ी क्षेत्र में स्थिति तो यह रही कि लोगों के घरों के सामने ही पानी भरा रहा। स्थानीय बाशिंदों ने बताया कि कई सालों से यहां पर न तो सडक़ बनी है, और न ही जल निकासी का कोई रास्ता बनाया। इसकी वजह से जरा सी बरसात में यहां पानी भर जाता है। शुक्रवार को तो स्थिति इतनी खराब रही कि लोग तीन से चार घंटे तक लोग अपने घरों से निकल ही नहीं पाए। इस रोड के पास एक निजी हॉस्पिटल के सामने सीवरेज का चेंबर भी खुला हुआ है। बताते हैं कि पहले तो यह नजर ही नहीं आ रहा था। पानी थोड़ा सा कम हुआ तो यह सामने नजर आया। इस दौरान यदि कोई वाहन चालक या पैदल राहगीर बारिश का पानी दिखाई नहीं देने के चलते इसमें चला जाता तो फिर मुश्किल हो जाती। इसी तरह की स्थिति नया दरवाजा से बंशीवाला मार्ग, लोहिया का चौक आदि क्षेत्रों में रहा। यहां पर भी घंटों लोगों को बाहर निकलने के लिए बरसात का पानी कम होने का इंतजार करना पड़ा। इसी तरह शहर के बीकानेर रोड, कृषि मंडी एरिया, श्रीराम कॉलोनी, राजपूत कॉलोनी, केन्द्रीय बस स्टैंड के पीछे वाले क्षेत्रों में भी जल भराव की वजह से स्थिति बेहद खराब रही।
यहां पर तो पूरी सडक़ ही बिखर गई
बीकानेर रेलवे फाटक के पार जाने के लिए वैकल्पिक मार्ग की व्यवस्था के तहत बीकानेर रेाड के पीछे से अस्थाई तौर पर मार्ग बनाया गया था। बारिश के दौरान यहां पर पूरे समय पानी भरा रहा। इसकी वजह से गिट्टियां बिखर गई। इस पूरे रास्ते पर कई घंटे तक पूरी सडक़ ही पानी में डूबी रही। इसकी वजह से लोगों को इस रास्ते से निकलने के लिए घंटो इंतजार करना पड़ा।