राहुल गांधी के खिलाफ देश के 272 प्रतिष्ठित हस्तियों की चिट्ठी पर कांग्रेस भड़क गई। कांग्रेस नेता सुप्रिया श्रीनेत ने कहा कि 140 करोड़ के देश में यह 272 लोग कितने प्रतिष्ठित हैं यह तो नहीं पता, लेकिन वे भाजपा रोजगार एक्सचेंज में आवेदनकर्ता ज़रूर हैं। वरना वोट चोरी के इतने सारे सबूत देखकर भी आंखों पर पट्टी बांधने और उल्टी बात करने वालों में कोई भी पूर्व चुनाव आयुक्त क्यों नहीं है? सुप्रिया श्रीनेत ने आरोप लगाया कि पुलिस वाले क़ानून व्यवस्था पर बात नहीं कर रहे. पूर्व उच्चायुक्त फेल्ड विदेश नीति पर नहीं बोल रहे हैं, RAW वाले पहलगाम से लेकर दिल्ली बम ब्लास्ट की विफल intelligence पर नहीं बोल रहे हैं, लेकिन सब के सब चुनाव आयोग की पैरवी कर रहे हैं। इन लोगों में से कितनों के अंदर हिम्मत है कि फर्जी पते, फेक आईडी, फ़र्ज़ी फोटो, एक छोटे से घर में सैकड़ों लोगों के रजिस्टर होने पर सवाल उठायें? इनमें से कितनों की हिम्मत है यह पूछने की कि चुनाव के बीचोंबीच सरकार पैसे बांटती रही और चुनाव आयोग मूक दर्शक क्यों बना रहा?