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8 महीने की छुट्टी के बाद सरकारी अधिकारी ने लिखी चिट्ठी, कहा ”मैं ऑफिस नहीं आ सकता, क्योंकि मैं भगवान हूं”

रमेश पिछले 8 महीनों में केवल 16 दिन ही दफ्तर गए हैं, जिसके बाद सरदार सरोवर पुनर्वास एजेंसी ने इतनी ज़्यादा छुट्टियों के लिए कारण बताओ नोटिस जारी किया

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Sunil Chaurasia

May 19, 2018

ramesh

सरकारी अधिकारी ने लिखी चिट्ठी, कहा ''मैं ऑफिस नहीं आ सकता, क्योंकि मैं भगवान हूं''

नई दिल्ली। दुनिया की छोड़िए अपने देश में ही ऐसे लोगों की कोई कमी नहीं है जो खुद भगवान होने का दावा करते हैं। ऐसा ही एक ताज़ा मामला गुजरात से आया है, जिसने देश भर में हड़कंप मचा रखा है। गुजरात के इस सरकारी कर्मचारी का नाम रमेश चंद्र फेफर बताया जा रहा है। जो खुद को भगवान विष्णु का दसवां अवतार बता रहा है। गुजरात के सरदार सरोवर पुनर्वास एजेंसी में अधीक्षण अभियंता के पद पर कार्यरत रमेश चंद्र फेफर ने विभाग द्वारा भेजे गए कारण बताओ नोटिस के जवाब में कहा, ''मैं भगवान विष्णु का दसवां अवतार कल्कि हूं। इसलिए मैं काम करने के लिए दफ्तर नहीं आ सकता।''

रमेश ने कहा कि दुनिया के अंतःकरण को बदलने के प्रयास में तपस्या कर रहा है। जिसकी वजह से उसके पास दफ्तर जाने के लिए समय नहीं है। कारण बताओ नोटिस पर रमेश द्वारा दिया गया जवाब देश भर में काफी तेज़ी से वायरल हो रहा है। शुक्रवार को राजकोट में अपने आवास पर मीडिया से बातचीत करते हुए रमेश ने कहा कि लोग बेशक विश्वास नहीं करेंगे कि वह भगवान विष्णु का दसवां अवतार कल्कि है। रमेश ने मीडिया से कहा कि वह जल्द ही साबित कर देगा कि वह कोई सामान्य व्यक्ति नहीं बल्कि भगवान का अवतार है।

इतना ही नहीं रमेश ने बताया कि साल 2010 के मार्च महीने में जब वह दफ्तर में काम कर रहा था, तो उसे महसूस हुआ कि वह कल्कि अवतार है। और उसके बाद से ही उसके पास दिव्य शक्तियां हैं। कारण बताओ नोटिस के जवाब में रमेश ने कहा कि उसकी तपस्या की वजह से ही पिछले 19 साल से देश भर में अच्छी बारिश हो रही है। बता दें कि रमेश पिछले 8 महीनों में केवल 16 दिन ही दफ्तर गए हैं, जिसके बाद सरदार सरोवर पुनर्वास एजेंसी ने इतनी ज़्यादा छुट्टियों के लिए कारण बताओ नोटिस जारी किया था।