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‘अपने ही परिवार की महिलाओं से बनवाए शारीरिक संबंध’, इजरायली बंधकों को हमास ने दी दर्दनाक सजा

इजरायल की नई जांच रिपोर्ट में दावा किया गया है कि अक्टूबर 2023 में हमास द्वारा किए गए हमलों के दौरान यौन हिंसा को रणनीतिक हथियार की तरह इस्तेमाल किया गया। रिपोर्ट के अनुसार बंधकों पर मानसिक दबाव बनाने के लिए उन्हें अपने ही परिवार के लोगों के साथ शारीरिक संबंध बनाने पर मजबूर किया।

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भारत

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Himadri Joshi

May 14, 2026

Hamas tourchering Israeli hostages

इजरायली बंधकों को यातनाएं देता हुआ हमास (फोटो- न्यूयॉर्क पोस्ट एक्स पोस्ट)

7 अक्टूबर 2023 को इजरायल पर हुए हमलों के बाद से हमास और अन्य फिलीस्तीनी सशस्त्र समूहों पर गंभीर आरोप लगते रहे हैं। अब एक स्वतंत्र इजरायली जांच ने दावा किया है कि हमलों और उसके बाद बंधक बनाए गए लोगों के खिलाफ हमास ने सुनियोजित यौन हिंसा का इस्तेमाल किया गया। लगभग 300 पन्नों की रिपोर्ट में कहा गया है कि महिलाओं, पुरुषों और किशोरों को मानसिक रूप से तोडने के लिए यौन उत्पीडन और अपमान को हथियार बनाया गया। इसके अनुसार परिवारों और समूदायों में डर फैलाने के लिए लोगों को अपने ही परिवार के सदस्यों के साथ शारीरिक संबंध बनाने पर भी मजबूर किया गया।

नोवा म्यूजिक फेस्टिवल के दौरान हुआ हमला

रिपोर्ट के अनुसार गाजा सीमा के पास आयोजित नोवा म्यूजिक फेस्टिवल और कई इजरायली बस्तियों में अत्याचार हुए। प्रत्यक्षदर्शियों ने दावा किया कि हमलावरों ने महिलाओं को सार्वजनिक रूप से अपमानित किया और कई मामलों में हत्या के बाद भी शवों के साथ यौन हिंसा की। जीवित बचे रज कोहेन ने बताया कि उन्होंने एक महिला को वाहन से बाहर निकालकर उस पर हमला होते देखा। रिपोर्ट में कहा गया कि फेस्टिवल में 370 से अधिक लोग मारे गए और कई लोगों को बंधक बनाकर गाजा ले जाया गया।

महीनों तक बंधकों को सुरंगों में रखा

जांच में शामिल गवाहियों में कहा गया है कि कुछ बंधकों को अपने रिश्तेदारों के साथ यौन कृत्य करने के लिए मजबूर किया गया। रिपोर्ट में इसे परिवारों को मानसिक रूप से तोडने की रणनीति बताया गया है। कुछ पीडितों को कथित रूप से जबरन शादी की धमकी भी दी गई। पूर्व बंधक अगाम गोल्डस्टीन ने कहा कि कैद के दौरान शरीर और निजी जीवन पर नियंत्रण खत्म हो जाने का डर सबसे ज्यादा तोडने वाला अनुभव था। जांचकर्ताओं के अनुसार कई बंधकों को सुरंगों और सुरक्षित ठिकानों में महीनों तक रखा गया।

हमास ने आरोपों से किया इनकार

जांच आयोग की प्रमुख डॉ कोचाव एलकायम लेवी ने कहा कि उपलब्ध सबूत दिखाते हैं कि यौन हिंसा एक सुनियोजित रणनीति थी। रिपोर्ट में 430 से अधिक साक्षात्कार, हजारों तस्वीरें और वीडियो शामिल किए गए हैं। आयोग ने इन घटनाओं को युद्ध अपराध और मानवता के खिलाफ अपराध की श्रेणी में रखा है। हालांकि हमास पहले भी आरोपों से इनकार करता रहा है। कई देशों ने रिपोर्ट में लगाए गए आरोपों की निष्पक्ष जांच की मांग की है। इस रिपोर्ट के बाद गाजा संघर्ष और बंधकों की सुरक्षा को लेकर वैश्विक बहस तेज हो गई है।