
Sheikh Hasina
भारत (India) के पड़ोसी देश बांग्लादेश (Bangladesh) में पिछले कुछ दिन से तख्तापलट की अटकलें लगाई जा रही हैं। बांग्लादेश की अंतरिम सरकार के लीडर मुहम्मद यूनुस (Muhammad Yunus) के लिए यह चिंता का विषय है। हालांकि यूनुस ने कहा है कि इन अटकलों में कोई सच्चाई नहीं है, लेकिन पिछले कुछ दिन में राजधानी ढाका (Dhaka) में सेना की बढ़ती गतिविधियों, उच्च अधिकारियों की बैठक और ढाका में इमरजेंसी लगाकर देश में राष्ट्रपति शासन लागू करने की अटकलों के कई मायने भी हो सकते हैं। इसी बीच बांग्लादेश की पूर्व पीएम शेख हसीना (Sheikh Hasina) के खिलाफ एक और मुकदमा लगाया है।
बांग्लादेश की पूर्व पीएम शेख हसीना समेत 72 अन्य लोगों पर राजधानी ढाका के मुख्य मेट्रोपॉलिटन मजिस्ट्रेट की अदालत में देशद्रोह का मुकदमा लगाया गया है। इन सभी लोगों पर आरोप लगाया गया है कि ये बांग्लादेश में सिविल वॉर छेड़कर अंतरिम यूनुस सरकार को सत्ता से बाहर करते हुए देश में तख्तापलट की साजिश कर रहे थे। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार पुलिस के आपराधिक जांच विभाग (सीआईडी) ने गुरुवार को यह मामला दर्ज कराया। अदालत ने इस मामले में सीआईडी को आगे की जांच करने का आदेश दिया।
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रिपोर्ट के अनुसार बांग्लादेशी सीआईडी को दिसंबर में आयोजित एक ऑनलाइन मीटिंग के बारे में जानकारी मिली। जांच की तो पता चला कि इस मीटिंग में शामिल लोगों ने 'जॉय बांग्ला ब्रिगेड' नाम का एक ग्रुप बनाया और सिविल वॉर छेड़कर अपदस्थ पीएम शेख हसीना को सत्ता में वापस लाने की योजनाओं पर चर्चा की थी।
शेख हसीना पिछले साल 5 अगस्त को अपनी बहन शेख रेहाना के साथ बांग्लादेश छोड़कर भारत (India) आ गई थी। भारत से उन्हें लंदन जाना था, पर ब्रिटिश सरकार ने उन्हें इसके लिए अनुमति नहीं दी। ऐसे में भारत सरकार ने ही उन्हें शरण दी और तब से वह अपनी बहन के साथ भारत में सरकार के संरक्षण में ही रह रही हैं।
Updated on:
28 Mar 2025 03:02 pm
Published on:
28 Mar 2025 02:57 pm
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