
बांग्लादेश के राष्ट्रपति मोहम्मद शहाबुद्दीन ने दिया इस्तीफा (फ़ोटो- reuters )
Bangladesh President Mohammed Shahabuddin: बांग्लादेश के राष्ट्रपति मोहम्मद शहाबुद्दीन ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। शहाबुद्दीन ने अप्रैल 2023 में पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना की पार्टी अवामी लीग के कार्यकाल के दौरान राष्ट्रपति का पद संभाला था, उन्हें अप्रैल 2028 तक सेवा देनी थी। हालांकि उन्होंने अपने पांच साल के कार्यकाल के पूरा होने से लगभग दो साल पहले ही पद छोड़ दिया।
76 वर्षीय शहाबुद्दीन ने बांग्लादेश के संविधान के अनुच्छेद 50(3) के तहत संसद के स्पीकर को अपना इस्तीफा सौंपा। 'बंगभवन' (राष्ट्रपति भवन) द्वारा जारी बयान और उनके इस्तीफे के पत्र के अनुसार, शहाबुद्दीन ने पद छोड़ने के मुख्य कारणों के रूप में गंभीर बीमारियों और बिगड़ते स्वास्थ्य का हवाला दिया।
वे हृदय संबंधी बीमारी, हाई ब्लड प्रेशर, हाइपरटेंशन, मधुमेह, किडनी की गंभीर समस्याओं और हाल ही में ऑटोनोमिक न्यूरोपैथी जैसी समस्याओं से जूझ रहे थे। शहाबुद्दीन ने स्पष्ट किया कि लंबे समय तक चले इलाज के कारण उनके लिए पद की जिम्मेदारियों को निभाना असंभव हो गया था।
मोहम्मद शहाबुद्दीन के इस्तीफे को बांग्लादेश की राष्ट्रीय राजनीति में शेख हसीना के दौर का पूरी तरह से अंत माना जा रहा है। अगस्त 2024 में छात्रों के हिंसक आंदोलन और तख्तापलट के बाद, शेख हसीना को प्रधानमंत्री पद से इस्तीफा देने और भारत में शरण लेने के लिए मजबूर होना पड़ा था।
शेख हसीना के जाने के बाद अवामी लीग के नेताओं को सरकार और अहम संवैधानिक पदों से हटा दिया गया था। शहाबुद्दीन अकेले ऐसे नेता थे जो पिछली अवामी लीग सरकार के समय से ही अपने पद पर बने हुए थे। अवामी लीग पर पहले ही प्रतिबंध लगाया जा चुका है और उसके ज़्यादातर वरिष्ठ नेता या तो जेल में हैं या अंडरग्राउंड हो गए हैं।
बांग्लादेशी संविधान के प्रावधानों के अनुसार, संसद के स्पीकर कार्यवाहक राष्ट्रपति के तौर पर काम करेंगे और नए राष्ट्रपति के चुने जाने तक देश के कामकाज की देखरेख करेंगे। राष्ट्रपति शहाबुद्दीन के हटने के बाद, अब अंतरिम सरकार के पास नया राष्ट्रपति चुनने और भविष्य का राजनीतिक रोडमैप तय करने का पूरा संवैधानिक अधिकार है।
Updated on:
24 Jul 2026 05:32 pm
Published on:
24 Jul 2026 05:32 pm
