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हॉर्मुज की नाकाबंदी क्यों जरूरी थी? डोनाल्ड ट्रंप के करीबी ने कहा- ‘समुद्र जिसने जीता, दुनिया उसकी’

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के करीबी सलाहकार और व्हाइट हाउस डिप्टी चीफ ऑफ स्टाफ स्टीफन मिलर ने कहा कि हॉर्मुज स्ट्रेट पर ईरान के खिलाफ नाकेबंदी अमेरिकी ताकत का अगले 100 सालों के लिए नया रूप है।
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भारत

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Mukul Kumar

Apr 15, 2026

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और व्हाइट हाउस के डिप्टी चीफ ऑफ स्टाफ स्टीफन मिलर। (फोटो- The Washington Post)

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के भरोसेमंद सलाहकारों में एक और व्हाइट हाउस के डिप्टी चीफ ऑफ स्टाफ स्टीफन मिलर ने ईरान और हॉर्मुज स्ट्रेट को लेकर बड़ा बयान दिया है।

मिलर ने कहा- ईरान में हॉर्मुज के नाकेबंदी के जरिए आप जो देख रहे हैं वो अगले 100 साल के लिए अमेरिकी ताकत का पूरी तरह से नया रूप है।

'समुद्र जिसने जीता, दुनिया उसकी'

मिलर ने एक बात बहुत जोर देकर कही। उन्होंने कहा कि जो देश समुद्र पर काबू रखता है, वही किसी भी बड़े विदेश नीति के टकराव में नतीजा तय करता है।

उन्होंने कहा- राष्ट्रपति ट्रंप कह रहे हैं कि अमेरिका के पास दुनिया की सबसे ताकतवर सेना है, सबसे ताकतवर नौसेना है। और जो समुद्र को नियंत्रित करता है वो किसी भी विदेश नीति की लड़ाई का नतीजा तय कर सकता है।

'ट्रंप ने चेकमेट कर दिया'

मिलर ने शतरंज की भाषा में बात की और कहा कि ट्रंप ने ईरान को एक ऐसी स्थिति में डाल दिया है जहां से निकलने का कोई रास्ता नहीं है।

उन्होंने कहा- राष्ट्रपति ट्रंप ने ईरान को एक बक्से में बंद कर दिया है। यह शतरंज की चाल है। अब ईरान चाहे जो रास्ता चुने, अमेरिका ही जीतेगा।

दो रास्ते, दोनों में अमेरिका की जीत

मिलर ने साफ किया कि ईरान के सामने अभी दो ही विकल्प हैं। पहला, वो अमेरिका से डील कर ले। इसमें सबका फायदा है, ईरान का भी। दूसरा, वो नाकेबंदी झेलता रहे और अकेला पड़ता जाए।

उन्होंने कहा- अगर ईरान नाकेबंदी से आर्थिक तबाही का रास्ता चुनता है तो दुनिया उसे पीछे छोड़ देगी। नए ऊर्जा रास्ते बनेंगे, नई सप्लाई चेन बनेगी। अमेरिका और दुनिया के दूसरे देश आगे बढ़ेंगे और ईरान बस इतिहास का एक फुटनोट बनकर रह जाएगा।

36 घंटे में नाकेबंदी पूरी तरह लागू

मिलर के इस बयान के साथ ही CENTCOM यानी अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने भी बड़ा एलान किया। कमांडर एडमिरल ब्रैड कूपर ने कहा कि नाकेबंदी शुरू होने के 36 घंटे के अंदर ईरान के सभी बंदरगाहों पर आने-जाने वाला समुद्री व्यापार पूरी तरह रोक दिया गया है। अमेरिका का दावा है कि हॉर्मुज और उसके आसपास के पूरे इलाके में अब उसकी नौसेना का दबदबा है।

तेहरान के लिए वक्त कम

मिलर के इस बयान को अगर सीधे तेहरान को संदेश माना जाए तो वो यही है कि डील करो, वरना दुनिया आगे निकल जाएगी। अभी जो वक्त है वो शायद सबसे बेहतर मौका है। बाद में शर्तें और सख्त हो सकती हैं।