
Iran-US War | ईरान में अमेरिकी स्ट्राइक को लेकर ट्रंप ने गिनाए बड़े आंकड़े। (Image: ChatGPT)
Iran-US War: ईरान और अमेरिका के बीच जारी युद्ध के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बड़ा दावा किया है। ट्रंप के मुताबिक, संघर्ष शुरू होने के बाद से अमेरिकी सेना ने ईरान में 7,000 से अधिक सैन्य और व्यावसायिक ठिकानों पर हमले किए हैं।
ट्रंप ने कहा कि इन हमलों के बाद ईरान की बैलिस्टिक मिसाइल लॉन्च क्षमता में लगभग 90% और ड्रोन हमलों में करीब 95% की कमी आई है। उन्होंने दावा किया कि अमेरिकी सेना ने उन फैक्ट्रियों को भी निशाना बनाया है जहां मिसाइल और ड्रोन बनाए जाते हैं।
अमेरिकी राष्ट्रपति ने यह भी कहा कि पिछले डेढ़ सप्ताह में ईरान के 100 से अधिक नौसैनिक जहाजों को डुबो दिया गया या नष्ट कर दिया गया है। उनका कहना है कि अमेरिकी हमले लगातार जारी हैं और हर घंटे कई दिशाओं से नए हमले किए जा रहे हैं।
अमेरिकी सैन्य अधिकारियों के अनुसार, इन अभियानों में ईरान के नौसैनिक जहाजों के साथ-साथ माइन-लेयर जहाज, ड्रोन बोट और अन्य सैन्य उपकरण भी निशाना बनाए गए हैं। इन ऑपरेशनों का उद्देश्य ईरान की समुद्री सैन्य क्षमता को कमजोर करना और क्षेत्र में जहाजरानी को सुरक्षित बनाना है।
ईरान-अमेरिका संघर्ष के बीच हॉर्मुज स्ट्रेट (Strait of Hormuz) भी वैश्विक चिंता का केंद्र बना हुआ है। यह समुद्री मार्ग दुनिया की तेल आपूर्ति के लिए बेहद महत्वपूर्ण है और यहां बढ़ते सैन्य तनाव का असर अंतरराष्ट्रीय तेल बाजार पर भी पड़ रहा है।
रिपोर्टों के मुताबिक, अमेरिका और उसके सहयोगी देशों ने ईरान की सैन्य क्षमताओं को कमजोर करने के लिए कई रणनीतिक ठिकानों को निशाना बनाया है, जिनमें खर्ग द्वीप (Kharg Island) जैसे अहम सैन्य और ऊर्जा केंद्र भी शामिल हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि अमेरिका और ईरान के बीच जारी यह संघर्ष पूरे पश्चिम एशिया में अस्थिरता बढ़ा सकता है। कई देशों ने हॉर्मुज हॉर्मुज स्ट्रेट की सुरक्षा को लेकर चिंता जताई है क्योंकि यह मार्ग वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति के लिए बेहद अहम माना जाता है।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के इन दावों के बाद ईरान-अमेरिका युद्ध और भी चर्चा में आ गया है। हालांकि, इन दावों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन इससे साफ है कि क्षेत्र में सैन्य कार्रवाई लगातार तेज हो रही है और वैश्विक राजनीति पर इसका असर पड़ सकता है।
Updated on:
16 Mar 2026 10:55 pm
Published on:
16 Mar 2026 10:55 pm
