बताया जा रहा है कि जिन लोगों को आईआरजीसी ने गिरफ्तार किया है, उनका संबंध अमेरिका, इज़रायल और ब्रिटेन से था। ये लोग दुश्मन के साथ मिले हुए थे और ईरान के खिलाफ साजिश कर रहे थे। ईरान में दुश्मन के हमले के लिए ये लोग जमीनी स्तर पर मदद मुहैया करा रहे थे। रिपोर्ट के अनुसार ये सभी लोग संवेदनशील स्थानों की जानकारी अपने मुख्यालय को भेज रहे थे। कई लोग जासूसी में संलिप्त थे और कई लोग जमीनी स्तर पर दुश्मन के हमले के लिए ज़रूरी काम कर रहे थे।