
पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर में विरोध करते लोग। (इमेज सोर्स: JKJAAC एक्स स्क्रीनशॉट)
Balochistan Violence: पाकिस्तान के दो संवेदनशील इलाकों में हालात लगातार तनावपूर्ण होते जा रहे हैं। पाकिस्तान अधिकृत जम्मू-कश्मीर (PoJK) में जहां प्रदर्शन और विरोध जारी है। वहीं बलूचिस्तान में भी हिंसक गतिविधियों को लेकर नए दावे सामने आए हैं।
‘जम्मू कश्मीर जॉइंट अवामी एक्शन कमेटी’ (JKJAAC) ने पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर में आंदोलन जारी रहने का दावा किया है। दूसरी तरफ BLF ने बलूचिस्तान में पाकिस्तानी सुरक्षा बलों के खिलाफ बड़े ऑपरेशन करने की बात कही है।
‘जम्मू कश्मीर जॉइंट अवामी एक्शन कमेटी’ ने दावा किया है कि पाकिस्तान अधिकृत जम्मू-कश्मीर में विरोध प्रदर्शन लगातार जारी हैं। संगठन के मुताबिक, रावलकोट के D-चौक पर धरना चल रहा है और मुजफ्फराबाद की ओर शांतिपूर्ण मार्च की तैयारी भी की जा रही है।
‘JKJAAC’ का कहना है कि प्रदर्शनकारी अपनी मांगें पूरी होने तक आंदोलन जारी रखेंगे। संगठन ने आरोप लगाया कि सुरक्षाबलों की गतिविधियों के कारण इलाके में तनाव बना हुआ है। रावलपिंडी में कश्मीरी छात्रों को हिरासत में लिया गया। उन पर पुलिस कार्रवाई की गई। इसलिए उन्हें जल्द से जल्द छोड़ देना चाहिए।
बलूचिस्तान लिबरेशन फ्रंट (BLF) ने दावा किया है कि जुलाई महीने में उसने बलूचिस्तान में कई ऑपरेशन किए। संगठन के मुताबिक, इन अभियानों में बड़ी संख्या में (97) पाकिस्तानी सैन्यकर्मी मारे गए और कई लोग घायल हुए।
BLF ने कहा कि उसके निशाने पर सैन्य ठिकाने, काफिले, संचार नेटवर्क और सुरक्षा ढांचे थे। हालांकि, ये सभी दावे BLF की ओर से किए गए हैं और इनकी पुष्टि नहीं हुई है। पाकिस्तान सरकार या सेना की ओर से इन आंकड़ों पर विस्तृत प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
PoJK में जारी विरोध और बलूचिस्तान में बढ़ती हिंसक गतिविधियों के दावों ने पाकिस्तान के सामने बड़ी सुरक्षा चुनौती खड़ी कर दी है। एक तरफ PoJK में स्थानीय मांगों को लेकर प्रदर्शन जारी रहने की बात कही जा रही है। दूसरी तरफ बलूचिस्तान में अलगाववादी संगठन सुरक्षा बलों को निशाना बनाने के दावे कर रहे हैं।
Updated on:
03 Aug 2026 03:53 pm
Published on:
03 Aug 2026 03:53 pm
