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ट्रंप ने फिर बताया होर्मुज को अमेरिकी इलाका, ईरान की तरफ से भी आ गया जवाब, युद्ध को लेकर क्या बोलीं पूर्व राजनयिक

Trump Strait of Hormuz: ट्रंप ने फिर होर्मुज स्ट्रेट को अमेरिकी इलाका बताया, ईरान ने दावे को निराधार कहा। जानें पूर्व राजनयिक वीणा सिकरी ने अमेरिका-ईरान तनाव पर क्या कहा।
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Donald Trump says Strait of Hormuz as American territory.

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (Photo- IANS)

Trump Iran sanctions: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एकबार फिर स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को अमेरिका का नया इलाका घोषित कर दिया। ट्रंप ने इससे पहले 18 अगस्त को होर्मुज स्ट्रेट की तस्वीर शेयर करते हुए उसे अमेरिकी अधिकार क्षेत्र बताया था। वहीं, ईरान की तरफ से अमेरिकी राष्ट्रपति के पोस्ट पर जवाब भी आ गया है। तेहरान ने कहा कि ट्रंप के दावे निराधार हैं। जब तक वॉशिंगटन अपना नजरिया नहीं बदलता, तब तक स्ट्रेट ऑफ होर्मुज बंद ही रहेगा।

ईरान ने नए आर्थिक प्रतिबंधों की आलोचना की

इसके साथ ही, ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघाई ने ट्रंप द्वारा लगाए गए नए प्रतिबंधों की भी आलोचना की। उन्होंने कहा कि अमेरिका अपना अधिकार सीमाओं से बाहर थोपने की कोशिश कर रहा है। उन्होंने यह भी दावा किया कि इस तरह के सेकेंडरी प्रतिबंधों का अंतरराष्ट्रीय कानून में कोई आधार नहीं है। ईरान की सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल के सेक्रेटरी मोहसिन रेज़ाई ने भी पड़ोसी देशों को वॉशिंगटन के आर्थिक अभियान का समर्थन न करने की चेतावनी दी है। उन्होंने कहा कि जो कोई भी अमेरिका के आर्थिक युद्ध में शामिल होगा, उसे वे दुश्मन मानेंगे।

पूर्व हाई कमिश्नर ने क्या कहा ?

अमेरिका-ईरान को लेकर बांग्लादेश में भारत की पूर्व हाई कमिश्नर वीणा सिकरी ने प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि यह पहली बार नहीं है जब ट्रंप ने ऐसा (होर्मुज स्ट्रेट पर अमेरिका का अधिकार) बयान दिया है। अमेरिका होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने वाले जहाजों पर नियंत्रण की कोशिश कर रहा है और इसे अपना इलाका मान रहा है।

अमेरिका के पास गोला-बारूद की कमी!

पूर्व भारतीय डिप्लोमैट ने कहा कि अमेरिका ईरान को बड़े हमले की धमकी दे रहा है, लेकिन वह हमला अब तक नहीं हुआ है। इसके पीछे वजह गोला-बारूद और इंटरसेप्टर मिसाइलों की कमी का संदेह है। उन्होंने दावा किया कि अमेरिकी सेना के पास हथियारों की उपलब्धता को लेकर दिक्कतें आ रही हैं, जिस कारण ईरान पर कार्रवाई टल रही है।

क्या नाटो भी होर्मुज में अमेरिका के साथ शामिल होगा

वीणा सिकरी ने कहा कि कुछ रिपोर्ट्स थीं कि नाटो देश भी इस बारे में सोच रहे हैं कि वे होर्मुज स्ट्रेट में क्या कर सकते हैं और वे होर्मुज स्ट्रेट में कैसे मदद कर सकते हैं। यह एक बहुत ही बदलती हुई स्थिति है और कोई सच में नहीं जानता कि यह कहां जाएगी, सिवाय इसके कि ईरान ने तय कर लिया है कि होर्मुज स्ट्रेट उनके नियंत्रण में रहेगा और ज्यादा से ज्यादा, वे इस पर ओमान के साथ एक समझौता करने को तैयार हैं।