ईरान की मेहर समाचार एजेंसी के अनुसार, उन्होंने कहा, 'मौजूदा परिस्थितियों में बातचीत स्वीकार्य नहीं है।' उन्होंने अमेरिका पर अत्यधिक मांगें रखने और घरेलू फायदे के लिए छिपे हुए उद्देश्यों का आरोप लगाया। उन्होंने आगे कहा, 'वर्तमान हालात, हाल की आक्रामक कार्रवाइयों और अमेरिका के साथ पिछले वार्ताओं के अनुभव को देखते हुए, अगला दौर की बातचीत, ईश्वर की इच्छा से, अब नहीं होगा।'