
S-400 Air Defense Systems
भारत (India) और अमरीका (United States Of America) के संबंध इस समय काफी मज़बूत चल रहे हैं। पिछले कुछ साल में दोनों देशों में संबंधों में मज़बूती आई है। आज दोनों देश एक-दूसरे को अपना करीबी सहयोगी मानते हैं। कई सेक्टर्स में भारत और अमरीका पार्टनर्स भी हैं। भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Prime Minister Of India Narendra Modi) इस समय अमरीका की स्टेट विज़िट पर हैं और इस दौरान दोनों देशों के संबंधों में और ज़्यादा मज़बूती आई है। अब बात अगर ऐसे देश की करें जिससे अमरीका के संबंध इस समय बेहद ही खराब चल रहे हैं, तो उसका नाम है रूस। पिछले कुछ साल में अमरीका और रूस के संबंधों में काफी खटास देखने को मिली है और जब से रूस (Russia) और यूक्रेन (Ukraine) के बीच युद्ध शुरू हुआ है, तब से अमरीका और रूस के संबंधों में दरार बढ़ गई है। इतना ही नहीं, ऐसे देश जो रूस के मित्र हैं, उनसे भी अमरीका दूरी बनाए हुए हैं। सिर्फ एक देश को छोड़कर, और वो है भारत।
लंबे समय से भारत और रूस के बीच रहे हैं मज़बूत संबंध
भारत और रूस के बीच लंबे समय से मज़बूत संबंध रहे हैं और यह बात किसी से छिपी नहीं है। दोनों देशों ने ज़रूरत पड़ने पर एक-दूसरे का साथ दिया है। यूक्रेन के खिलाफ युद्ध की वजह से जब रूस पर कई देशों ने प्रतिबंध लगा दिए थे, तब भारत ने रूस से बड़ी मात्रा में कच्चा तेल खरीदना शुरू किया। रूस ने भारत को डिस्काउंट पर तेल की सप्लाई शुरू कर दी। दोनों देश लंबे समय से कई सेक्टर्स में पार्टनर्स रहे हैं। इनमें डिफेंस भी शामिल है।
भारत ने रूस से खरीदे 5 S-400 एयर डिफेंस सिस्टम्स
डिफेंस सेक्टर्स में पार्टनर्स होने की वजह से ही भारत और रूस ने अक्टूबर 2018 में एक डील की थी। यह एक डिफेंस डील थी और इस डील के अनुसार भारत ने रूस से 5 S-400 एयर डिफेंस सिस्टम्स खरीदे थे। इनकी दो यूनिट्स दिसंबर 2021 में और एक यूनिट अप्रैल 2022 में रूस ने भारत को डिलीवर कर दी थी। बची दो यूनिट्स 2023 के अंत तक या 2024 तक भारत को डिलीवर की जाएंगी।
दोनों देशों के बीच डिफेंस की इसी डील की वजह से अमरीका नाराज़ था।
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अमरीका नहीं करेगा कार्रवाई
अमरीका अब भारत के खिलाफ रूस से S-400 एयर डिफेंस सिस्टम्स खरीदने के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं करेगा। इस बात की पुष्टि अमरीका की डिफेंस डिपार्टमेंट एजेंसी पेंटागन ने भी की है। अमरीका ने अपने CAATSA (काउंटरिंग अमेरिकाज़ एडवर्सरीज थ्रू सैंक्शंस एक्ट) कानून से भारत को छूट दे दी है।
क्यों बदले अमरीका के सुर?
अमरीका के सुर बदलने का कारण है भारत और अमरीका के बीच पिछले कुछ साल में बढ़े संबंध। अमरीका को पता है कि भारत उसके लिए एक बेहद ही अहम सहयोगी है। खासकर हिंद-प्रशांत महासागर क्षेत्र में। चीन के बढ़ते खतरे के बीच अमरीका भी जानता है कि भारत एक अहम शक्ति है। साथ ही अमरीका और भारत अब कई सेक्टर्स में पार्टनर्स भी हैं। साथ ही अमरीका भी यह चाहता है कि भारत मज़बूत हो और उसे अच्छी तरह से पता है कि रूस के बेहतरीन S-400 एयर डिफेंस सिस्टम्स से भारत को बहुत मज़बूती मिलेगी।
पीएम मोदी की अमरीका की स्टेट विज़िट भी इस बात को साफ करता है कि अमरीका भारत से अपने संबंधों को काफी अहम समझता है। इसके साथ ही अमरीका डिफेंस सेक्टर्स में भारत के साथ पार्टनरशिप को भी मज़बूत करेगा। दोनों देश मिलकर डिफेंस सेक्टर्स में कई प्रोजेक्ट्स पर साथ काम करेंगे और इससे भारत को काफी फायदा होगा।
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Published on:
23 Jun 2023 06:46 pm
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