
आगरा। उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ के बैनर तले चल रही लेखपालों की हड़ताल को लेकर प्रशासन सख्त हो गया है। प्रशासन द्वारा लेखपालों को काम नहीं तो वेतन नहीं और निलंबन का नोटिस दिया है। इस नोटिस में साफ कहा गया है कि हड़ताल अवधि तीन जुलाई से कोई वेतन नहीं दिया जाएगा।
12 वें दिन जारी है धरना
लेखपालों का धरना 12 वें दिन भी जारी है। 8 सूत्रीय मांगों को लेकर चल रहे इस धरना प्रदर्शन में अब लेखपालों की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। प्रशासन ने सख्ती दिखाना शुरू कर दी है। जिलाधिकारी रवि कुमार एनजी के निर्देश पर आधा दर्जन तहसलों बाह, फतेहाबाद, किरावली, खेरागढ़, एत्मादपुर व सदर के एसडीएम ने सभी लेखपालों को नोटिस दिया हैं। इसमें कहा गया है कि शासन द्वारा अवैध घोषित हड़ताल में भाग लेने तथा एस्मा का उल्लंघन करने पर नोटिस जारी किया गया था। इसके बाद भी हड़ताल समाप्त न होने के बाद अब हाईकोर्ट द्वारा स्थापित सिद्धांत काम नहीं तो वेन नहीं के आधार पर लेखपालों को हड़ताल अवधि तीन जुलाई से कोई वेतन नहीं दिया जाएगा।
ये बोले लेखपाल
लेखपाल संघ के जिलाध्यक्ष चौधरी भीमसेन, जिला मंत्री प्रताप सिंह ने कहा कि जनप्रतिनिधियों को उनकी पीड़ा समझनी चाहिए। उधर एसडीएम सदर रजनीश मिश्रा ने बताया कि तहसील सदर के 39 लेखपालों को नोटिस जारी किया गया है।
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Updated on:
14 Jul 2018 05:25 pm
Published on:
14 Jul 2018 12:37 pm
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