
बीजेपी नेता व शराब कारोबारी जितेंद्र रंगवानी (फोटो- पत्रिका)
अजमेर: राजस्थान के अजमेर जिले में अपराध और गैंगवार की आहट ने एक बार फिर दहशत का माहौल पैदा कर दिया है। कुख्यात गैंगस्टर रोहित गोदारा गैंग के कथित सदस्यों ने भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के नेता और प्रमुख शराब कारोबारी जिेंद्र रंगवानी को निशाना बनाया है।
बता दें कि बदमाशों ने रंगवानी से दो करोड़ रुपए की फिरौती मांगते हुए उन्हें जान से मारने की धमकी दी है। इस घटना के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है।
घटना 16 अप्रैल की शाम करीब चार बजे की है। जानकारी के अनुसार, जितेंद्र रंगवानी भगवानगंज स्थित एक सैलून में शेविंग और कटिंग करवा रहे थे। इसी दौरान उनके व्हाट्सएप पर एक अनजान नंबर से कॉल आया। जब उन्होंने कॉल नहीं उठाया तो बदमाशों ने वॉइस मैसेज और दोबारा कॉल के जरिए धमकी देना शुरू कर दिया।
धमकी देने वाले शख्स ने खुद की पहचान राहुल फतेहपुरिया और वीरेंद्र चारण के रूप में दी और खुद को लॉरेंस बिश्नोई सिंडिकेट से जुड़े रोहित गोदारा गैंग का सदस्य बताया।
बदमाशों ने धमकी भरे लहजे में रंगवानी से कहा कि अगर उन्होंने दो करोड़ रुपए नहीं दिए, तो उनका अंजाम भी कुचामन के रूलानिया हत्याकांड जैसा होगा। वॉइस मैसेज में बदमाशों ने बेहद शातिर अंदाज में बात की।
मैसेज में पहले हाल-चाल पूछे गए और फिर कहा गया, फोन काटना महंगा पड़ेगा। फोन नहीं उठाने पर ऐसा न हो कि तेरा फोन कोई और उठाए तेरी जगह। इस धमकी से स्पष्ट था कि बदमाश रंगवानी की हर गतिविधि पर नजर रखे हुए हैं। रंगवानी ने तुरंत मामले की गंभीरता को समझते हुए पुलिस प्रशासन से संपर्क किया।
मामले की सूचना मिलते ही जिला पुलिस अधीक्षक (SP) हर्षवर्धन अग्रवाला, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हिमांशु जांगिड़ और सीओ नॉर्थ शिवम जोशी सक्रिय हो गए। पीड़ित की शिकायत पर हरीभाऊ उपाध्याय नगर थाने में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।
पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए कदम उठाए हैं। जितेंद्र रंगवानी की जान को खतरे को देखते हुए उन्हें एक हथियारबंद पुलिस जवान सुरक्षा के लिए मुहैया कराया गया है। पुलिस की टीमें रंगवानी के निवास, उनके शराब के गोदामों और घटना स्थल (सैलून) के आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही हैं। साइबर सेल की मदद से उन विदेशी या वर्चुअल नंबरों को ट्रेस किया जा रहा है जिनसे व्हाट्सएप कॉल आए थे।
यह कोई पहला मामला नहीं है, जब अजमेर में किसी प्रभावशाली व्यक्ति को फिरौती के लिए धमकी मिली हो। इससे पहले प्रसिद्ध यूट्यूबर दिलराज सिंह रावत (मिस्टर इंडियन हैकर) और कुचामन-डीडवाना के विजय सिंह पलाड़ा को भी अंतरराष्ट्रीय गैंगस्टर के नाम पर धमकियां मिल चुकी हैं।
फिलहाल, पुलिस राहुल फतेहपुरिया और वीरेंद्र चारण के नेटवर्क को खंगाल रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि वे इस मामले की तह तक जाएंगे और जल्द ही आरोपियों को बेनकाब किया जाएगा। इस घटना ने शहर के व्यापारियों और राजनेताओं के बीच सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी है।
कुचामन सिटी का रमेश रूलानिया हत्याकांड राजस्थान के सबसे चर्चित और दहला देने वाले अपराधों में से एक था। यह वही मामला है, जिसका उदाहरण देकर अब अजमेर के बीजेपी नेता को डराया जा रहा है।
यह वारदात 7 अक्टूबर 2025 की सुबह करीब 7:30 बजे हुई थी। कुचामन सिटी के स्टेशन रोड स्थित एक जिम में शहर के जाने-माने व्यापारी रमेश रूलानिया (जो बाइक शोरूम और होटल के मालिक थे) रोज की तरह वर्कआउट कर रहे थे।
जब रमेश रूलानिया जिम में एक्सरसाइज कर रहे थे, तभी हथियारबंद हमलावर अंदर घुसे और उन पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। हमलावरों ने उन्हें संभलने का मौका तक नहीं दिया और गोलियों से भूनकर मौके से फरार हो गए। अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
हत्याकांड के पीछे की मुख्य वजह रंगदारी थी। हत्या से कुछ समय पहले कुख्यात गैंगस्टर रोहित गोदारा गैंग ने उनसे भारी फिरौती मांगी थी। रमेश रूलानिया ने झुकने के बजाय बदमाशों को खुली चुनौती दी थी। उन्होंने एक वीडियो जारी कर कहा था कि मैं बदमाशों को 100 का नोट भी नहीं दूंगा। यही बात गैंगस्टरों को चुभ गई और उन्होंने इसे अपनी प्रतिष्ठा का सवाल बना लिया।
हत्या के कुछ देर बाद ही सोशल मीडिया पर रोहित गोदारा गैंग और उसके करीबी वीरेंद्र चारण ने इस कत्ल की जिम्मेदारी ली। उन्होंने पोस्ट में लिखा कि रमेश रूलानिया ने हमें अपमानित किया था, अब उसे सबक मिल गया है… अब सबकी बारी आएगी।
Updated on:
17 Apr 2026 11:17 am
Published on:
17 Apr 2026 11:17 am
