
अजमेर. मदार गेट पर निगम कमिश्नर देशलदान की सरकारी कार से गुरुवार दोपहर विमंदित बालक की कुचलने से मौत हो गई। कमिश्नर गांधी भवन में आयोजित साधारण सभा में शिरकत करने आए थे, हालांकि दुर्घटना के वक्त वे वाहन में नहीं थे।
दोपहर 3 बजे निगम कमिश्नर की सरकारी कार का चालक कमिश्नर देशलदान को गांधी भवन सैकंड एंट्री गेट पर छोड़ने के बाद मदार गेट पर वाहन मोड़ने चला गया। इस दौरान फुटपाथ पर यूपी बाराबंकी निवासी सबिहा अपने 12 साल के विमंदित पुत्र अजमल को रोटी खिला रही थी। वह अचानक गोद से उठकर भागा तो कार की चपेट में आ गया। उसके ऊपर से कार गुजरने से उसके सिर में गम्भीर चोट आई। चालक कार छोड़कर भाग गया, जबकि आस-पास मौजूद लोगों ने अजमल को ऑटो रिक्शा से जेएलएन अस्पताल पहुंचाया। सूचना पर नगर निगम थानाप्रभारी रवीश कुमार सामरिया व कोतवाली थानाधिकारी वीरेन्द्र सिंह शेखावत व अन्य पहुंचे। पुलिस ने बालक की मां सबिहा की रिपोर्ट पर प्रकरण दर्ज कर अनुसंधान शुरू कर दिया। पुलिस ने पोस्टमार्टम करवाकर दरगाह कमेटी की मदद से शव नागफनी स्थित गौरे गरीबां कब्रिस्तान में दफनाया।
दुर्घटना की इत्तला मिलते ही कमिश्नर देशलदान अग्निशमन अधिकारी के वाहन से जेएलएन अस्पताल आपातकालीन इकाई पहुंचे, लेकिन वाहन से उतरने से पहले ही उन्हें अजमल की मौत की सूचना मिल गई। वे कार से उतरे बिना वापस जीसी में लौट गए। इधर, उनके सरकारी वाहन को नगर निगम की पार्किंग में खड़ा कर दिया।
दुर्घटना के बाद बड़ा सवाल यह है कि मदार गेट पर चौपहिया वाहन के लिए नो-एन्ट्री है, लेकिन नगर निगम कमिश्नर के सरकारी वाहन का चालक वाहन घुमाने के लिए मदारगेट ले गया। यहां तेजगति में वाहन मोड़ने पर अचानक सामने आए अजमल के ऊपर से कार के टायर गुजर गए। घटनास्थल पर काफी खून बह गया।
कोतवाली थानाधिकारी वीरेन्द्रसिंह शेखावत का कहना है कि मदार गेट पर नगर निगम कमिश्नर की कार से बालक के टक्कर लग गई। उसे अस्पताल पहुंचाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मां की रिपोर्ट पर निगम कमिश्नर के चालक के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। कार जब्ती की कार्रवाई की जाएगी।
Published on:
16 Feb 2024 01:20 pm
