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Ajmer News: मरने के बाद भी नहीं आए अपने, मोर्चरी में 20 दिन से रखे युवक के शव को अंतिम संस्कार का इंतजार

विशाल के शव को जेएलएन अस्पताल की मोर्चरी में रखे हुए 20 दिन बीत चुके हैं । न कोई अपना उसे लेने पहुंचा और न ही सरकारी तंत्र ने उसके अंतिम संस्कार की सुध ली ।
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अजमेर

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Santosh Trivedi

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मनीष कुमार सिंह

Aug 19, 2026

Dead body demo pic

(Photo- Dead body demo pic)

मनीष कुमार सिंह / अजमेर। जिस युवक को जिंदगी में अपनों का सहारा नहीं मिला, मौत के बाद भी वह अपनों की राह देख रहा है । अजमेर के जवाहरलाल नेहरू (जेएलएन) अस्पताल में 20 जुलाई को भर्ती कराया गया 24 वर्षीय विशाल 29 जुलाई को जिंदगी की जंग हार गया। अस्पताल प्रशासन ने शव मोर्चरी में रखवाकर कोतवाली थाना पुलिस व नगर निगम को सूचना दी, लेकिन इसके बाद जिम्मेदारों की संवेदनहीनता सामने आई । मोर्चरी में 29 जुलाई से शव अंतिम संस्कार का इंतजार कर रहा है ।

20 दिन से मोर्चरी में कैद है मृत शरीर

विशाल के शव को जेएलएन अस्पताल की मोर्चरी में रखे हुए 20 दिन बीत चुके हैं । न कोई अपना उसे लेने पहुंचा और न ही सरकारी तंत्र ने उसके अंतिम संस्कार की सुध ली । जिंदगी में पहचान और सहारा तलाशता रहा युवक अब मौत के बाद भी सम्मानजनक विदाई का इंतजार कर रहा है ।

जानकारी अनुसार विशाल को 20 जुलाई सुबह पौने 11 बजे जवाहरलाल नेहरू अस्पताल लाया गया था । हालत गंभीर होने पर उसे मेडिकल इंटेंसिव केयर यूनिट ( एमआईसीयू ) में भर्ती कर उपचार शुरू किया । करीब नौ दिन तक उसका उपचार चला। इसके बाद 29 जुलाई शाम विशाल ने दम तोड़ दिया। अस्पताल प्रशासन ने शव मोर्चरी में रखवाने के साथ कोतवाली थाना पुलिस और नगर निगम को सूचना दी । इसके बाद शव के अंतिम संस्कार की जिम्मेदारी जिन पर थी, वे भी उसे भूल गए ।

सिर्फ नाम की अस्पताल चौकी?

अजमेर के जवाहरलाल नेहरू अस्पताल में सदर कोतवाली थाने की पुलिस चौकी भी है। इसके बावजूद अज्ञात या लावारिस शवों की पहचान और उनके परिजनों की तलाश के लिए प्रभावी कार्रवाई नहीं होने के सवाल उठ रहे हैं । अस्पताल में पुलिस चौकी की मौजूदगी के बावजूद एक युवक की पहचान और उसके अंतिम संस्कार तक की व्यवस्था नहीं हो पाती, तो यह पूरी व्यवस्था की संवेदनशीलता पर बड़ा सवाल है कि 'जिसे जीते-जी अपनों का इंतजार था, क्या उसे मौत के बाद भी सम्मान से अंतिम विदाई नहीं मिलनी चाहिए ?

इनका कहना है

किसी कारणवश रिकॉर्ड अपडेट नहीं हो सका होगा । प्रकरण को दिखवाकर शव का निस्तारण कराया जाएगा ।

  • रामेश्वरी देवी, थानाप्रभारी, सदर कोतवाली