
monsoon in india
अजमेर.
देश में लगातार दूसरे साल मानसून सामान्य रहेगा। मौसम विभाग की मानें तो केरल में 1 जून को मानसून पहुंचने के आसार हैं। इस बार देश में 96 प्रतिशत से ज्यादा बरसात की उम्मीद है। जबकि पिछले साल यह 10 जून के आसपास केरल पहुंचा था।
देश में प्रतिवर्ष केरल के तटीय क्षेत्र से मानसून सक्रिय होता है। यह कर्नाटक, महाराष्ट्र, गुजरात होता हुआ राजस्थान, दिल्ली, ओडिशा, झारखंड, बिहार, तेलंगाना, उत्तरप्रदेश और अन्य राज्यों में सक्रिय होता है। राजस्थान में मुख्यत: बांसवाड़ा-उदयपुर से मानसून की सक्रियता होती है। केरल में इस बार 1 जून को मानसून सक्रिय हुआ तो यह राज्य में जून के दूसरे पखवाड़े में दस्तक देगा।
राजस्थान में यूं रहता है सक्रिय
मौसम विभाग के अनुसार राज्य में अजमेर सहित सभी सातों संभाग में मानसून की अवधि तीन महीने की होती है। यह मुख्यत: 1 जुलाई से 30 सितंबर तक सक्रिय रहता है। इस दौरान राज्य में 313, 675 एमसीएफटी बरसात मानी जाती है। बरसात के रूप में अजमेर में करीब 5,550 एमसीएफटी पानी गिरता है। इसमें से ढाई हजार एमसीएफटी पानी ही झीलों-तालाबों अथवा भूमिगत टैंक तक पहुंचता है। बाकी पानी व्यर्थ बह जाता है।
पिछले साल भरपूर बरसात
राज्य में पिछले साल मानसून जबरदस्त मेहरबान रहा था। कोटा सहित कई संभाग में बाढ़ आ गई थी। अजमेर, जयपुर और टोंक की लाइफ लाइन कहा जाने वाला बीसलपुर बांध अपनी भराव क्षमता 315.50 आरएल मीटर के पार पहुंच गया था। अजमेर, कोटा, उदयपुर, जयपुर, बांसवाड़ा, बीकानेर और अन्य जिलों में औसतन 600 से 900 मिलीमीटर बरसात हुई थी।
Updated on:
17 Apr 2020 09:01 am
Published on:
17 Apr 2020 09:01 am
