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मुस्लिम नहीं इन लोगों ने मंदिर पर लिखा था, ‘आई लव मोहम्मद’, दंगा भड़काने की थी साजिश

उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ जिले के लोढ़ा थाना क्षेत्र में कुछ दिनों पहले मंदिरों की दीवारों पर स्प्रे पेंट से 'आई लव मोहम्मद' लिखे जाने की घटना ने पूरे इलाके में सांप्रदायिक तनाव पैदा कर दिया था। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) नीरज कुमार जादौन ने गुरुवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में मामले का खुलासा किया।
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अलीगढ़

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Avaneesh Kumar Mishra

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Updated: 30 Oct 2025, 8:18 PM IST

पुलिस ने 4 हिंदू लड़कों को किया गिरफ्तार।

पुलिस ने 4 हिंदू लड़कों को किया गिरफ्तार, PC- @SachinGuptaUP

अलीगढ़ : उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ जिले के लोढ़ा थाना क्षेत्र में कुछ दिनों पहले मंदिरों की दीवारों पर स्प्रे पेंट से कुछ लोगों ने 'आई लव मोहम्मद' लिख दिया था। लेकिन पुलिस ने इस सनसनीखेज मामले में बड़ा खुलासा कर दिया है। मंदिरों पर आई लव मोहम्मद लिखने वाले चार हिंदू लड़के थे, जिन्होंने रंजिशन यह काम किया था।

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) नीरज कुमार जादौन ने गुरुवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में मामले का खुलासा किया। उनके अनुसार, लोढ़ा क्षेत्र के दो गांवों के बीच जमीन के लेन-देन को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा था। इस विवाद में एक पक्ष से जुड़े चार युवकों जीशांत सिंह, आकाश सारस्वत, दिलीप शर्मा और अभिषेक सारस्वत ने जानबूझकर मंदिरों पर आपत्तिजनक नारा लिखा।

जन्मदिन के दिन रची थी पूरी साजिश

एसएसपी जादौन ने बताया, 'यह पूरी घटना एक जन्मदिन पार्टी के दौरान रची गई साजिश का हिस्सा थी। आरोपी युवक खुद को निर्दोष साबित करने के लिए पहले मुस्लिम समुदाय के लोगों पर उंगली उठा रहे थे, लेकिन गहन जांच में सारी कड़ियां जोड़ते ही सच सामने आ गया।' पुलिस ने स्पष्ट किया कि इस षड्यंत्र से इलाके का माहौल खराब होने की कगार पर पहुंच गया था, लेकिन, जल्द कार्रवाई की वजह से स्थिति नियंत्रण में आ गई।

4 युवकों के खिलाफ दर्ज हुआ मुकदमा

घटना के तुरंत बाद पुलिस ने प्रारंभिक जांच के आधार पर मुस्लिम समुदाय के आठ लोगों मौलवी मुस्तकीम, गुल मोहम्मद, सुलेमान, सोनू, अल्लाबक्श, हसन, हामिद और यूसुफ के खिलाफ एफआईआर दर्ज की थी। लेकिन नए सबूतों के आधार पर यह मुकदमा निरस्त कर दिया गया है। इसके बजाय, चारों हिंदू युवकों को धारा 153-ए, 295-ए और अन्य धाराओं के तहत गिरफ्तार कर लिया गया।