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मौसम की मार, बच्चे बीमार, एक बिस्तर पर तीन-तीन का उपचार

अलवर. मौसमी बीमारियों के चलते राजकीय गीतानंद शिशु अस्पताल के वार्डों में तिल रखने तक की जगह नहीं है। अस्पताल में एक बिस्तर पर तीन से चार बच्चों को रखना पड़ रहा है।
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अलवर

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Hiren Joshi

May 11, 2019

alwar children hosital problam

मौसम की मार, बच्चे बीमार, एक बिस्तर पर तीन-तीन का उपचार


अलवर. मौसमी बीमारियों के चलते राजकीय गीतानंद शिशु अस्पताल के वार्डों में तिल रखने तक की जगह नहीं है। अस्पताल में एक बिस्तर पर तीन से चार बच्चों को रखना पड़ रहा है। वार्ड में बिस्तरों की कमी के चलते बीमार बच्चों को भर्ती करने में परेशानी आ रही है। अस्पताल के ओपीडी में 500 से 600 बच्चे प्रतिदिन आ रहे हैं जबकि एक माह पहले यह संख्या आधी थी।
तेज गर्मी के चलते बच्चों में उल्टी दस्त, डायरिया की बीमारी हो रही है। इन दिनों मौसमी बुखार भी बहुत ज्यादा हो रहा है। ऐसे में मरीजों की संख्या निरन्तर बढ़ रही है।
ये रखें सावधानी :

शिशु चिकित्सकों ने बताया कि गर्मी की वजह से बच्चों में पानी की कमी आने लगती है। ब्लड शुगर कम होने से बच्चों में चक्कर आने लगते हैं। इससे शरीर में कमजोरी आ आती है। बच्चों को धूप से बचाकर रखें। पानी लगातार पिलाते रहें। सुबह और शाम ही घर से बाहर निकलने दें। जब भी घर से निकले, सिर पर कपड़ा रखकर निकले। बासी खाना कभी नहीं खिलाएं।

इन दिनों डायरिया व उल्टी दस्त से पीडि़त बच्चे ज्यादा आ रहे हैं। अस्पताल के बिस्तरों पर जगह नहीं है, लेकिन ये सरकारी अस्पताल है इसलिए सभी को भर्ती किया जा रहा है।
-डाक्टर महेश शर्मा, प्रभारी, राजकीय गीतानंद शिशु चिकित्सालय,अलवर।