4 सितंबर 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

रिसोर्ट राजनीति से पार्षदों की पौ-बारह, समर्थन के लिए मोल-भाव जारी

नगर परिषद बोर्ड में अपना बहुमत साबित करने के लिए भाजपा और कांग्रेस दे रही निर्दलियों को मोटे प्रलोभन
less than 1 minute read
Google source verification

अलवर

image

Prem Pathak

Nov 21, 2019

रिसोर्ट राजनीति से पार्षदों की पौ-बारह, समर्थन के लिए मोल-भाव जारी

रिसोर्ट राजनीति से पार्षदों की पौ-बारह, समर्थन के लिए मोल-भाव जारी

अलवर. नगर निकाय चुनाव में भाजपा और कांग्रेस की रिसोर्ट राजनीति से पार्षदों की पौ-बारह है। निर्दलियों की तो पांचों उंगलियां घी में नजर आ रही हैं। पार्षद बड़े रिसोर्ट/होटलों में ऐशो-आराम कर रहे हैं। वहीं, उनके परिजन पार्टियों से समर्थन के बदले मोल-भाव में लगे हैं।
नगर परिषद अलवर के 65 वार्डों में 27 भाजपा, 19 कांग्रेस और 19 निर्दलीय पार्षद जीतकर आए हैं। नगर परिषद भिवाड़ी के 60 वार्डों में 23 भाजपा, 23 कांग्रेस, 12 निर्दलीय और 2 बसपा पार्षद जीते हैं। वहीं, थानागाजी नगर पालिका के 25 वार्ड में कांग्रेस 10 और भाजपा 9 वार्डों में विजयी रही है तथा 6 सीटों पर निर्दलियों ने बाजी मारी है। तीनों में किसी भी पार्टी को बहुमत नहीं मिला है। बहुमत साबित करने के लिए अलवर में 33, भिवाड़ी में 31 और थानागाजी में 13 पार्षद चाहिए। भाजपा और कांग्रेस ने अपना बोर्ड बनाने के लिए तीनों ही जगह एड़ी से चोटी तक का जोर लगाया हुआ है। दोनों ही दल निर्दलीय पार्षदों को मोटे प्रलोभन देकर पक्ष में करने का प्रयास कर रहे हैं। दोनों ही दल अपने व निर्दलीय पार्षदों को बड़े होटलों में बाड़ेबंदी कर ऐशो-आराम करा रहे हैं। भाजपा और कांग्रेस की इस मजबूरी का निर्दलीय पार्षद भरपूर फायदा उठा रहे हैं।