
अलवर। स्टेट बैंक ऑफ इंडिया की महल चौक शाखा के पार्किंग खाते से 99.44 लाख रुपए के गबन मामले में पुलिस ने महिला लिपिक और उसके पति को गिरफ्तार किया। दोनों आरोपियों को शनिवार को न्यायालय में पेश किया। जहां से उन्हें न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया।
शहर कोतवाली थाना पुलिस ने बताया कि शहर के स्कीम-10 निवासी निक्की सेठी पत्नी योगेश खत्री स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (एसबीआई) महल चौक शाखा में लिपिक पद पर कार्यरत थी। जिसके पास बैंक के पार्किंग खाता प्रभारी का चार्ज भी था। लिपिक निक्की सेठी ने अपने पति योगेश खत्री के साथ मिलीभगत कर फर्जी वाउचर बनाकर पार्किंग खाते से 99.44 लाख रुपए का गबन करते हुए अनाधिकृत रूप से अपने परिवार और मिलने-जुलने वालों के 20 अलग-अलग खातों में ट्रांसफर कर लिए। बैंक की जांच में पता चलने पर बैंक मैनेजर अंशुमन ने महिला लिपिक निक्की सेठी के खिलाफ 6 सितम्बर 2022 को शहर कोतवाली थाने में प्रकरण दर्ज कराया। पुलिस ने मामले में करीब दो साल बाद महिला लिपिक निक्की सेठी और उसके पति योगेश खत्री को सूर्यनगर स्थित किराए के मकान से गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।
जानकारी के अनुसार उक्त प्रकरण में बैंक प्रबंधन की ओर से आरोपी लिपिक निक्की सेठी के खिलाफ विभागीय जांच शुरू की। जांच में 99.44 लाख रुपए का गबन पाए जाने पर बैंक की ओर से लिपिक निक्की सेठी को पहले निलंबित और फिर बर्खास्त कर दिया था।
पुलिस ने बताया कि निक्की सेठी का पति योगेश खत्री क्रिकेट सट्टा खेलता है। वह क्रिकेट सट्टे में काफी रुपए हार गया था। सटोरियों को पैसा चुकाने के लिए पति योगेश के कहने पर निक्की ने बैंक के पार्किंग खाते से 99.44 लाख रुपए का गबन किया। इस गबन राशि से सटोरियों का पैसा चुकाया।
बैंक के पार्किंग से फर्जी वाउचर के जरिए निक्की ने शहर के कई सटोरियों के खातों में सीधे ही रकम ट्रांसफर की थी। पुलिस जांच में कई सटोरियों के नाम सामने आए हैं। जिन-जिन खातों में पैसा ट्रांसफर किया गया पुलिस उनसे भी अनुसंधान करेगी। मामले में शहर के कई सटोरियों की गिरफ्तारी भी हो सकती है।
Published on:
15 Sept 2024 02:50 pm
