
Bhiwadi factory fire (Patrika Photo)
अलवर। राजस्थान के भिवाड़ी में हुए दर्दनाक अग्निकांड मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए फैक्ट्री मालिक को हिरासत में लिया है। इस हादसे में 7 मजदूरों की जिंदा जलकर मौत हो गई थी। जांच में सामने आया कि आरोपी लंबे समय से अवैध रूप से पटाखा बनाने का काम कर रहा था और तीन अलग-अलग जगहों पर अवैध फैक्ट्रियां संचालित की जा रही थी।
पटाखा फैक्ट्री में हुए भयावह हादसे के बाद प्रशासन ने सख्ती बरतना शुरू कर दिया है। खुशखेड़ा क्षेत्र में एक फैक्ट्री और एक गोदाम पकड़ा है। दोनों जगह बड़ी संख्या में अवैध विस्फोटक और पटाखा सामग्री जब्त की गई है। दोनों फैक्ट्री और गोदाम का मालिक हेमंत कुमार शर्मा ही है। पुलिस ने अब फैक्ट्री मालिक हेमंत कुमार शर्मा को हिरासत में लिया है। साथ ही फैक्ट्री मैनेजर अभिनंदन तिवारी को भी हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।
भिवाड़ी के एडिशनल एसपी अतुल साहू ने बताया कि भिवाड़ी के खुशखेड़ा औद्योगिक क्षेत्र में 3 जगह अवैध पटाखा बनाने का काम चल रहा था। सोमवार को आग लगने वाली फैक्ट्री और मंगलवार को पकड़ी गई फैक्ट्री व गोदाम को हेमंत कुमार शर्मा के नाम पर लीज पर लिए गए थे। इन सभी स्थानों पर अवैध रूप से पटाखे बनाए जा रहे थे। पुलिस ने फैक्ट्री से मशीनें, खाली कच्चा माल, पटाखा बनाने का सामान और गोदाम से तैयार अवैध पटाखों की बड़ी खेप बरामद की है।
इधर, पटाखा फैक्ट्री में सोमवार को विस्फोट के साथ लगी आग में मारे गए सभी सात मृतकों के मंगलवार को टपूकड़ा अस्पताल में डीएनए सैंपल लिए गए। मृतक मिंटू, अजीत, सुजांत के परिजनों में तीनों के भाइयों के सैंपल लिए गए हैं। अन्य मृतकों के परिजनों को बुलाया गया है। उनके आने पर सैंपल लिए जाएंगे, जिससे कि मृतकों की शिनाख्त कर उनके परिजनों को शव सौंपे जा सकें।
Updated on:
18 Feb 2026 09:54 am
Published on:
18 Feb 2026 08:44 am
