
Life crisis of tigers in madhya pradesh
सरिस्का में बाघ एसटी-4 व 6 के बीच भिड़ंत में बाघ एसटी-4 गंभीर रूप से घायल हो गया। बाद में जयपुर से चिकित्सक बुलाकर बाघ का इलाज कराया गया। फिलहाल बाघ सरिस्का स्थित एनक्लोजर में है।
सरिस्का के डीएफओ हेमंत सिंह ने बताया कि संभवत मंगलवार को बाघ एसटी-4 व एसटी-6 के बीच संघर्ष हो गया। इसमें बाघ एसटी-4 गंभीर रूप से घायल हो गया। बाघ के पैर में गंभीर चोट लगी है। वहीं सिर पर भी चोट लगी है। संघर्ष में बाघ एसटी-6 के भी चोट लगने की आशंका है। बाघ एसटी-6 की तलाश जारी है। बाघों के बीच संघर्ष का पता चलने के बाद जयपुर से चिकित्सक बुलाया गया। वहीं बुधवार को बाघ एसटी-4 को ट्रंक्यूलाइज कर पैर व सिर की चोट का इलाज किया गया। बाघ एसटी-4 के पैर में फैक्चर से भी इनकार नहीं किया जा सकता। सरिस्का की टीम सुबह छह बजे जंगल में रवाना हुई और बाघ एसटी-4 को ढूंढकर ट्रंक्यूलाइज किया। बाघ के इलाज के बाद उसे एनक्लोजर में छोड़ा गया, जहां बाघ का अभी इलाज किया जाएगा। बाघ को कुछ दिन एनक्लोजर में ही रखा जाएगा। उल्लेखनीय है कि बाघ एसटी- 4 कुछ दिन पूर्व भी घायल हो गया था। बाघ के सिर में गंभीर चोट लगी थी, जिसका इलाज जयपुर से चिकित्सक बुलाकर कराया गया। उस दौरान भी बाघ को कई दिनों तक एनक्लोजर में रखा गया था।
दो साल में आधा दर्जन बार भिड़ंत
सरिस्का में बाघ एसटी-4 व एसटी-6 के बीच गत दो साल में करीब आधा दर्जन बार भिड़ंत हो चुकी है। इन संघर्षों में ज्यादा नुकसान बाघ एसटी-4 को उठाना पड़ा है, वहीं कुछ घटनाओं में बाघ एसटी-6 भी चोट लगने के कारण घायल हो गया था।
टैरिटरी के फेर में भिड़ रहे बाघ
बाघों के बीच संघर्ष का कारण टैरिटरी बताया जा रहा है। सरिस्का में बाघ एसटी-4 व एसटी-6 युवा बाघ हैं। कई बार टैरिटरी के फेर में दोनों में संघर्ष हो जाता है।
Published on:
15 Nov 2018 10:04 am
