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अलवर जिले में कांग्रेस की भले ज्यादा सीटें आई हैं, लेकिन अब लोकसभा चुनाव में ना भाजपा की राह आसान है, ना कांग्रेस की, जानिए कैसे

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अलवर

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Hiren Joshi

Dec 13, 2018

LokSabha Elections Will Not Be Easy For Congress And BJP

अलवर जिले में कांग्रेस की भले ज्यादा सीटें आई हैं, लेकिन अब लोकसभा चुनाव में ना भाजपा की राह आसान है, ना कांग्रेस की, जानिए कैसे

विधानसभा चुनाव परिणाम बता रहे हैं कि आगामी लोकसभा चुनाव पार पाना भाजपा व कांग्रेस के लिए आसान काम नहीं है। करीब 11 माह पहले हुए लोकसभा उपचुनावों के बाद अब पूरा गणित पलट गया है। अलवर लोकसभा उप चुनाव में सभी आठ विधानसभा सीटों पर कांग्रेस प्रत्याशी को बड़ी बढ़त मिली थी। जबकि अब विधानसभा चुनाव में इन आठ विधानसभा क्षेत्रों में से कांग्रेस व भाजपा के पास केवल दो-दो सीट हैं।

मतलब कांग्रेस को आठ विधानसभा क्षेत्रों में से केवल अलवर ग्रामीण व राजगढ़-लक्ष्मणगढ़ विधानसभा क्षेत्र में बढ़त मिली है। वहीं भाजपा ने लोकसभा उप चुनाव की तुलना में सुधार किया। उप चुनाव में भाजपा आठ में से किसी भी विधानसभा क्षेत्र में बढ़त नहीं ले सकी थी। जबकि इस चुनाव में अलवर शहर व मुण्डावर विधानसभा क्षेत्र में बढ़त हासिल की है।

यहां बसपा का वोट बैंक बढ़ा

लोकसभा सीट की आठ विधानसभा सीटों की बात करें तो इस बार बसपा ने बड़ा वोट बैंक हासिल किया है। तिजारा व किशनगढ़बास विधानसभा क्षेत्र में तो सबसे अधिक करीब 1.33 लाख वोट बसपा पास को गए हैं। दोनों सीट पर बसपा प्रत्याशी जीते हैं। वहीं मुण्डावर में करीब 56 हजार वोट लेकर बसपा दूसरे नम्बर पर रही। राजगढ-़ लक्ष्मणगढ़ से बसपा ने 28 हजार से अधिक वोट लिए हैं। अलवर ग्रामीण से बसपा ने 25 हजार से अधिक, अलवर शहर से 6 हजार से अधिक, बहरोड़ से 12 हजार से अधिक वोट प्राप्त किए हैं।

मुण्डावर में कांग्रेस का जनाधार घटा

मुण्डावर के कांग्रेस का लोजद से समझौता करना भारी पड़ा है। लोजद के प्रत्याशी को बहुत कम वोट मिले हैं। हालांकि कांग्रेस के बागी ललित यादव ने बसपा से चुना लड़ा है। बड़ा वोट बैंक कांग्रेस से बसपा की ओर शिफ्ट हो गया। केवल राजगढ़ व अलवर ग्रामीण में कांग्रेस ने लोकसभा के उप चुनाव की बढ़त को बनाए रखने का प्रयास किया है। लेकिन पहले जितनी बढ़त यहां भी नहीं रह सकी।

ये हैं लोकसभा क्षेत्र में शामिल क्षेत्र

अलवर लोकसभा क्षेत्र में जिले की 11 में से 8 विधानसभा क्षेत्र ही शामिल हैं। जिसमें अलवर शहर व मुण्डावर में भाजपा जीती। किशनगढ़बास व तिजारा में बसपा, अलवर ग्रामीण व राजगढ़-लक्ष्मणगढ़ में कांग्रेस, बहरोड़ में निर्दलीय और रामगढ़ में चुनाव स्थगित हो गए। थानागाजी, कठूमर व बानसूर अलवर लोकसभा क्षेत्र का हिस्सा नहीं हैं।

लोकसभा उप चुनाव में कांग्रेस-भाजपा को मिले वोट

तिजारा से कांग्रेस को 79 हजार 237, भाजपा को 66 हजार 754, किशनगढ़बास से कांग्रेस को 77 हजार 827, भाजपा को 66 हजार 673, अलवर शहर से कांग्रेस को 78 हजार 174, भाजपा को 52 हजार 717, अलवर ग्रामीण से कांग्रेस को 84 हजार 715, भाजपा को 52 हजार 407, बहरोड़ से कांग्रेस को 77 हजार 836, भाजपा को 56 हजार 10, मुण्डावर से कांग्रेस को 62 हजार 162, भाजपा को 53 हजार 825, रामगढ़ से कांग्रेस को 90 हजार 76, भाजपा को 54 हजार 86 वोट मिले थे।

अब विधानसभा चुनाव में वोट मिले

राजगढ़ से कांग्रेस को 82 हजार 876, भाजपा को 52 हार 578, बहरोड़ से कांग्रेस को 51 हजार 324, भाजपा को 37 हजार 755, तिजारा से कांग्रेस को 55 हजार 11, भाजपा को 41 हजार 345, किशनगढ़बास से कांग्रेस को 39 हजार 33, भाजपा को 63 हजार 883, मुण्डावर से कांग्रेस को 21 हजार 852, भाजपा को 73 हजार 191 वोट मिले हैं।