4 सितंबर 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

भाजपा के पूर्व प्रदेशाध्यक्ष ने अलवर में दिया ऐसा बयान, राजनीतिक गलियारों में मचा हडक़ंप

अलवर में भाजपा के पूर्व प्रदेशाध्यक्ष ने कार्यक्रम के दौरान लोगों को संबोधित किया।
2 min read
Google source verification

अलवर

image

Prem Pathak

Jun 06, 2018

Rajasthan BJp ex president speech in alwar

भाजपा के पूर्व प्रदेशाध्यक्ष ने अलवर में दिया ऐसा बयान, राजनीतिक गलियारों में मचा हडक़ंप

अलवर में भाजपा की ओर से सम्मेलन आयोजित किया गया। इस अवसर पर भाजपा के पूर्व प्रदेशाध्यक्ष महेश शर्मा ने भाजपा की कार्यशैली के बारे में बताया। भाजपा की ओर से मंगलवार को शहर के महावर ज्ञान स्कूल सभागार में आयोजित प्रबुद्ध नागरिक सम्मेलन में मुख्य वक्ता व पूर्व भाजपा के प्रदेशाध्यक्ष डॉ. महेश शर्मा ने कहा कि भाजपा में वंशवाद नहीं है। सिद्धांतवादी कार्यकर्ता हैं। जिनके कारण भाजपा राजनीतिक दल ही नहीं बल्कि एक आंदोलन है।

उन्होंने कहा कि भारत माता की जय बोलने वालों को आगे लेकर आने की जरूरत है। शिक्षा के पाठ्यक्रम में विदेशी शैली को दूर कर भारत के साहित्य को शामिल करना जरूरी है।

प्रभारी मंत्री गजेन्द्र सिंह खींवसर ने कहा कि हार से सीखने को मिलता है। हवा के रुख को समझकर सरकार की योजनाओं का जनता तक ले जाने की जरूरत है। खासकर लोकसभा के चुनाव में हवा का रुख ही काम करता है। जो संकेत मिले हैं। उनको समझकर अलग दिशा में कार्य करने की जरूरत है। इस अवसर पर संगठन के प्रभारी अखिल शुक्ला ने केन्द्र सरकार के योजनाओं के बारे में विस्तार से बताया। भाजपा के जिलाध्यक्ष पं. धर्मवीर शर्मा ने कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए विस्तार से जानकारी दी।

इस अवसर पर यूआईटी चेयरमैन देवी सिंह शेखावत, अलवर ग्रामीण विधायक जयराम जाटव, नगर परिषद भिवाड़ी के चयेरमैन संदीप दायमा, अलवर परिषद चेयरमैन अशोक खन्ना, बार उपाध्यक्ष उम्मेद सिंह, केजी खण्डेलवाल, राकेश सेठी, अशोक पाठक, मुलकराज बीका, पूर्व प्रदेश मंत्री सुरेश यादव, सोहनलाल सुलानिया, पूजा यादव, सुशीला यादव, दीपक पंडित, दीपक यादव, जले सिंह, सतीश यादव, प्रकाश सहित बड़ी संख्या में पदाधिकारी व कार्यकर्ता मौजूद थे।

कुर्सी खाली देख बुलाया आगे

कार्यक्रम में आगे की ओर कुर्सियां खाली रहने पर पार्टी पदाधिकारियों ने पीछे बैठे कार्यकर्ताओं को आगे आने को कहा। बाद में पीछे की ओर बैठे कुछ कार्यकर्ता आगे की कुर्सियों पर आकर बैठ गए।