
प्रदेश के विद्यालयों की रैंकिंग हुई जारी, जानिए कौनसा जिला है टॉप पर और कौनसा है फिसड्डी
अलवर. अलवर जिला माध्यमिक व सीनियर माध्यमिक विद्यालयों में उपलब्ध भौतिक संसाधनों के आधार पर प्रदेश में तीसरे स्थान पर हैं जबकि जिले के प्राथमिक विद्यालयों की हालत खस्ता है। 34 प्राथमिक विद्यालयों के पास भवन तक नहीं है।
शिक्षा विभाग ने संसाधनों की उपलब्धता के आधार पर प्रदेश के जिलो की एक सूची जारी की है। इस सूची में बूंदी प्रथम, चूरू दूसरे और अलवर तीसरे स्थान पर है। चौथे स्थान पर झुंझुनूं है जबकि सबसे अंतिम पायदान पर जोधपुर है।
अलवर जिले में माध्यमिक व सीनियर राजकीय विद्यालय कुल 744 हैं। सभी स्कूलों के पास भवन है। 737 विद्यालयों में रंग-रोगन, 743 में चारदीवारी, सभी में पेयजल व शौचालय, 743 में कम्प्यूटर और 737 में पुस्तकालय की सुविधा है। अलवर जिले में बीते एक दशक से सरकारी स्कूलों की दशा में सुधारने के प्रयास तेज हुए। तत्कालीन जिला कलक्टर आशुतोष एटी पेडणेकर ने इसकी शुरुआत एकता प्रोजेक्ट से की। प्रोजेक्ट को बाद में शिक्षा विभाग के अधिकारी तिलक राज पंकज ने संभाला। इससे कई दर्जनों स्कूलों की दशा बदल गई। जिले के रेलवे स्टेशन, भंडवाडा़, इन्द्रगढ़, अकबरपुर, तालाब सहित करीब एक दर्जन ऐसे विद्यालय हैं जिनके नवाचारों को अन्य कई राज्य भी अपना रहे हैं।
Published on:
09 Apr 2019 03:03 pm
