Jitiya Vrat 2021: जिउतिया की तिथि को लेकर मन में है असमंजस तो जान लें व्रत और पारण का समय

Jitiya Vrat 2021: माताएं अपने पुत्रों की दीर्घायु के लिए रखती हैं निर्जला और निराहार व्रत (Fasting), इस बार का व्रत है काफी कष्टकारी

By: rampravesh vishwakarma

Published: 26 Sep 2021, 03:00 PM IST

अंबिकापुर. Jitiya Vrat 2021: अपने पुत्र या पुत्रों की दीर्घायु के लिए माताओं द्वारा आश्विन मास के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को जिउतिया या जितिया का व्रत रखा जाता है। पूरी तरह निराहार व निर्जला व्रत रखकर माताएं दूसरी दिन पारण करती हैं।

इस बार जिउतिया तिथि को लेकर कई लोग असमंजस में हैं क्योंकि सप्तमी के दिन ही अष्टमी लग जा रहा है। इस बार 29 सितंबर को महिलाएं जिउतिया या जिवितपुत्रिका व्रत रखेंगीं। 30 सितंबर को पारण होगा।


विद्वान पंडितों का इस बार की जिउतिया तिथि को लेकर कहना है कि 28 सितंबर को शाम 5 बजकर 5 मिनट में अष्टमी का आगमन होगा और 29 सितंबर की शाम 4 बजकर 54 मिनट तक यह रहेगा।

Read More: पितृ मोक्ष के लिए हर दिन सुबह-सुबह करें ये काम, भूले तो घर आ जाएगी मुसीबत

यह उदयकालीन एवं प्रदोष व्यापिनी सप्तमी रहित है। ऐसे में जिउतिया व्रत का नहाय खाय 28 को होगा, 29 सितंबर को महिलाएं व्रत रखेंगीं तथा 30 सितंबर को 6 बजकर 5 मिनट पर सूर्योदय के बाद पारण करेंगीं।

Read More: ये वो 5 बातें हैं जिन्हें पत्नियां अपने पतियों से भी नहीं बतातीं


अष्टमी में किया जाने वाला है यह व्रत
यह व्रत अष्टमी में किए जाने वाला व्रत है। अत: व्रत ऐसा होना चाहिए, जिसमें सप्तमी वेद का दोष न हो तथा अष्टमी में उपवास भी हो जाए। सप्तमी रहित अष्टमी को निर्जला उपवास रख माताएं नवमी को पारण करती हैं। मिथिला और बनारसी पंचांग में टाइमिंग में अंतर के कारण यह मतभेद हुआ है।

Read More: Vastu Tips: अच्छी कमाई के बाद भी नहीं बच पा रहे हैं रुपए तो तत्काल घर की ये चीजें कर लें ठीक

rampravesh vishwakarma Desk
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned