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बैकुंठपुर. जिला प्रशासन ने ग्रामीण एरिया के 89 स्टूडेंट्स को पीएमटी-पीईटी कोचिंग देकर सिर्फ 4 स्टूडेंट्स का सलेक्शन होने का दावा किया गया है। जबकि कोचिंग के नाम पर 83.70 लाख रुपए इन विद्यार्थियों पर खर्च किए गए। इनमें 3 महीने में 9 लाख रुपए केवल भोजन व नाश्ते पर खर्च हुए। वर्तमान में कोचिंग में दाखिला लेने वाले स्टूडेंट्स का रिकार्ड ही गायब हो गया है और विभागीय अधिकारी जानकारी देने में आनाकानी करने लग गए हैं।
वर्ष 2016-17 में कोरिया के ग्रामीण एरिया के स्टूडेंट्स को पीईटी-पीएमटी कोचिंग देने के लिए विशेष पिछड़ी जनजाति छात्रावास भवन में आवासीय सरकारी कोचिंग संस्थान की स्थापना की गई थी। कोचिंग संस्थान की स्थापना पर भारी भरकम राशि खर्च की गई थी। जिला प्रशासन ने खनिज न्यास संस्थान मद से कोचिंग के लिए 83.70 लाख रुपए का बजट उपलब्ध कराया था।
फेलोशिप में आए निकुंज गुमेटी को कोचिंग सेंटर के नोडल अधिकारी की जिम्मेदारी सौंपी गई थी। कोचिंग में कोरिया के ग्रामीण एरिया से स्टूडेंट्स को दाखिला कराया गया था। लेकिन सिर्फ 89 स्टूडेंट्स ही कोचिंग की पूरी क्लास अटेंड कर पाए और बाकी स्टूडेंट्स कोचिंग छोड़कर अपने गांव चले गए थे। कोचिंग के बाद सिर्फ 4 स्टूडेंट्स के सलेक्शन का दावा किया जा रहा है।
इसमें 2 नीट और 2 आईआईटी शामिल हैं। हालांकि विभागीय अधिकारी के पास सलेक्टेड स्टूडेंट्स की कोई जानकारी उपलब्ध नहीं है। वहीं 22 स्टूडेंट्स को पीईटी एग्जाम में बैठने की बात कही जा रही है। इसके अलावा 12वीं की भी कोचिंग कराई गई थी। कोचिंग के बाद 12वीं का परीक्षा परिणाम 89 फीसदी होने बात कही गई है।
19 लाख 52 हजार की फर्नीचर खरीदी
पीईटी-पीएमटी कोचिंग सेंटर में स्टूडेंट्स और स्टाफ के बैठने के लिए 19 लाख 52 हजार रुपए की फर्नीचर खरीदी गई थी। इसमें नियम कायदे को ताक पर रखकर खरीदी करने के आरोप लगाए गए थे। वहीं जिला पंचायत के माध्यम से लंबित भुगतान करने के लिए कलेक्टर को प्रस्ताव भेजा गया है। इसके अलावा गद्दा, रजाई, मैट, टेबल, फाइबर चेयर, टेंट किराए पर 56 हजार रुपए खर्च किया गया है।
स्टूडेंट्स के भोजन-नाश्ते पर 9 लाख खर्च
जानकारी के अनुसार पीईटी-पीएमटी कोचिंग सेंटर में स्टूडेंट्स के भोजन-नाश्ता में 9 लाख 72 हजार 732 रुपए खर्च किया गया है। सूचना के अधिकार के तहत मिले बिल में 150 रुपए के हिसाब से एक थाली भोजन मंगाया गया था। करीब तीन महीने में 6233 थाली के हिसाब से स्टूडेंट्स-स्टाफ को भोजन कराया गया है। आवासीय कोचिंग संस्थान में स्टूडेंट्स को भोजन, नाश्ता सहित अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराई गई थीं।
इतने थाली भोजन मंगाए गए
तिथिवार संख्या खर्च
17 अक्टूबर-17 नवंबर 1694 2 लाख 54 हजार 100 रुपए
18 नवंबर-17 दिसंबर 1894 2 लाख 84 हजार 250 रुपए
18 दिसंबर-17 जनवरी 1944 3 लाख 33 हजार 882 रुपए
25 नवबंर 600 1 लाख 3 हजार 500 रुपए
Published on:
12 Sept 2017 03:00 pm
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