
अलवर जिले के सदर थाना क्षेत्र में एक विवाहिता की संदिग्ध मौत के बाद इलाके में सनसनी फैल गई है। मृतका की पहचान 25 वर्षीय दिलशान उर्फ दिलशाना के रूप में हुई है। पीहर पक्ष का आरोप है कि दहेज की लगातार बढ़ती मांगों और उत्पीड़न के कारण ससुराल वालों ने मिलकर उसकी हत्या कर दी।
डीग जिले के पहाड़ी तहसील (आरदुका) निवासी मृतका के चचेरे भाई मुबीन ने पुलिस को दी रिपोर्ट में बताया कि दिलशाना का निकाह 11 मई 2022 को चिरखाना निवासी अरबाज के साथ हुआ था। शादी के कुछ समय बाद से ही ससुराल पक्ष के लोग उसे एक मोटरसाइकिल और 5 लाख रुपये नकद दहेज में लाने के लिए प्रताड़ित करने लगे थे।
मुबीन के अनुसार, इस विवाद को सुलझाने के लिए दोनों पक्षों के बीच सामाजिक स्तर पर पांच बार बैठकें भी हुईं। जनवरी और अप्रैल 2026 में हुई बैठकों में समाज के पंच-पटेलों ने ससुराल पक्ष को समझाया था कि वे दहेज के लिए विवाहिता के साथ मारपीट न करें। हाल ही में 24 जुलाई को हुई एक और बैठक में भी ससुराल वालों ने यह आश्वासन दिया था कि वे भविष्य में दहेज नहीं मांगेंगे और दिलशाना को परेशान नहीं करेंगे।
पीड़ित परिवार ने बताया कि घटना वाले दिन, यानी 28 जुलाई को दिलशाना ने फोन कर अपने भाई को आपबीती सुनाई थी। उसने बताया था कि उसका पति अरबाज, ससुर रफीक और परिवार के अन्य सदस्य दीना, मौसम, उस्मान, साबू, अरफीना, अंजुम, हंसिरा, मामूरी और आमीन उसके साथ गंभीर मारपीट कर रहे हैं। उन्होंने धमकी दी थी कि या तो वह अपने घर से मोटरसाइकिल और पैसे मंगवाए, वरना उसे जान से मार दिया जाएगा।
इस डरावने फोन के महज चार घंटे बाद किसी परिचित ने पीहर पक्ष को फोन कर सूचना दी कि दिलशाना की मौत हो चुकी है और ससुराल वालों ने मिलकर उसकी हत्या कर दी है।
इस सूचना के बाद मौके पर पहुंचे पीहर पक्ष ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। सदर थाना पुलिस ने मृतका के पति अरबाज समेत ससुराल पक्ष के सभी 11 नामजद लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस मामले की हर पहलू से बारीकी से जांच कर रही है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है।