22 वर्षीय युवक की गला काट कर हत्या के मामले में दो आरोपियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही अर्थदंड से भी दंड़ित किया है।
Court Order In Murder Case: अलवर के एडीजे कोर्ट नंबर 2 की न्यायाधीश रिद्धिमा शर्मा ने 22 वर्षीय युवक की गला काट कर हत्या के मामले में दो आरोपियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही अर्थदंड से भी दंड़ित किया है। फैसले के दौरान न्यायाधीश ने टिप्पणी करते हुए ऐसे जघन्य अपराध के मामले में कोई रियायत नहीं बरतने की बात कही।
अपर लोक अभियोजक महेश मीणा ने बताया कि मामला 5 दिसंबर, 2020 का है। मुल्तान नगर निवासी फिरोज (22) पुत्र अख्तर हुसैन का सिर कटा शव मन्नाका रोड पर महिला हॉस्टल के पास मिला था। सिर पूरी तरह से धड़ से अलग था।
फिरोज को पहले चारों आरोपियों ने सूर्य नगर में पीटा था। वह बेहोश हो गया था। उसके बाद सूर्य नगर के खंडहर फ्लैट में ले गए थे। वहां चारों ने मिलकर फिरोज की गर्दन को धड़ से अलग कर दिया था।
धारदार हथियार से पूरी गर्दन ही काट दी थी। इसके बाद शव को बोरे में भरकर मन्नाका के पास महिला हॉस्टल के पास फेंक गए थे।
अपर लोक अभियोजक मीणा ने बताया कि मामले की जांच के बाद पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ न्यायालय में चालान पेश किया। इस दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से 18 गवाह और 32 दस्तावेजी साक्ष्य प्रस्तुत किए गए।
जिनके आधार पर न्यायालय ने हन्नी उर्फ रवि पुत्र बूटा सिंह निवासी डाबली गोविंदगढ़ हाल निवासी मुल्तान नगर और बलजीत सिंह पुत्र मुख्तयार सिंह निवासी बारोली गोविंदगढ़ हाल निवासी मुल्तान नगर नई बस्ती को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।
मामले में तीसरे आरोपी गुरजीत सिंह उर्फ बिल्ला की मौत हो चुकी है। जबकि जसवीर सिंह उर्फ संटी पुत्र सरबजीत निवासी बांदोली रामगढ़ हाल निवासी 60 फुट रोड एनइबी फरार है।