
अंबिकापुर। अपना घर बनाने का सपना देख रहे एक राजमिस्त्री को जनरल श्रेणी की जमीन दिलाने का झांसा देकर 2 लाख 72 हजार रुपए की ठगी (Land fraud news) कर ली गई। आरोपी ने अपनी पत्नी, साले व एक अन्य के साथ मिलकर पहले तो कम कीमत में जमीन दिलाने का भरोसा दिलाया, लेकिन बाद में पता चला कि जिस जमीन का सौदा कराया जा रहा था, वह अनुसूचित जनजाति वर्ग की है और उसकी रजिस्ट्री संभव नहीं है। जब उसने रुपए मांगे तो उसे जान से मारने की धमकी दी जाने लगी। पीडि़त की शिकायत पर कोतवाली पुलिस ने 5 आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
मूल रूप से झारखंड के गढ़वा जिले के मानपुर निवासी इसफाक अंसारी पिछले 3 वर्षों से अंबिकापुर में रहकर राजमिस्त्री का काम कर रहा है। वह तकिया क्षेत्र में किराए के मकान में परिवार के साथ रहता है। इसी दौरान परिचित रमजान अंसारी ने उसे कम कीमत में जनरल श्रेणी की जमीन दिलाने का भरोसा दिया। उसने 2 से 3 डिसमिल जमीन (Land fraud in Ambikapur) खरीदने की इच्छा जताई, जिस पर आरोपी व उसके परिवार के सदस्यों ने 6.15 लाख रुपए में 3 डिसमिल जमीन दिलाने का प्रस्ताव रखा।
पीडि़त का आरोप है कि रमजान अंसारी, उसकी पत्नी शमीमा बीबी, साला हसीब तथा अन्य आरोपियों ने विश्वास में लेकर उससे अग्रिम राशि के रूप में 2 लाख 61 हजार रुपए और 11 हजार रुपए एग्रीमेंट के नाम पर ले लिए। बाद में जानकारी मिली कि संबंधित जमीन अनुसूचित जनजाति वर्ग की है, जिसकी रजिस्ट्री (Land registry) उसके नाम नहीं हो सकती।
जनरल कैटेगरी की जगह अजजा वर्ग की जमीन दिलाने की बात पता चलने के बाद उसे ठगी का एहसास होने लगा। इसके बाद उसने आरोपियों से अपने रुपए वापस मांगे। इस पर आरोपियों ने कथित रूप से उसे जान से मारने की धमकी (Threat to kill) दी और अधिक रकम देकर जमीन पर कब्जा लेने का दबाव बनाया।
पीडि़त को लगने लगा कि अब उसके रुपए वापस नहीं किए जाएंगे, इसके बाद उसने कोतवाली थाना पहुंचकर मामले की शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपों की जांच शुरू कर दी है।