
अंबिकापुर। सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर आकांक्षा टोप्पो (Social Media Influencer Akanksha Toppo) को अंतत: जेल भेज दिया गया। कोतवाली पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया था। न्यायालय में पेश करने से लेकर कोर्ट द्वारा उसे जेल भेजे जाने के आदेश देने तक गहमागहमी की स्थिति बनी रही। आकांक्षा टोप्पो के विरोध में भारी संख्या में जहां भाजपा कार्यकर्ता कोर्ट में मौजूद थे, वहीं समर्थन में आदिवासी समाज के लोगों का भी जमावड़ा लगा था। भाजपा कार्यकर्ताओं ने जहां गालीबाज को जेल भेजो के नारे लगाए तो वहीं समर्थकों ने आकांक्षा दीदी जिंदाबाद कहा। बता दें कि अधिवक्ताओं ने भी आकांक्षा को जमानत देने का विरोध किया। उनका कहना है कि आकांक्षा द्वारा बड़े नेताओं को टारगेट कर लगातार सोशल मीडिया में अभद्र भाषा का प्रयोग किया जा रहा था।
दरअसल शहर के गंगापुर निवासी एक व्यक्ति की रिपोर्ट पर 4 अक्टूबर को कोतवाली पुलिस (Kotwali police) ने आकांक्षा टोप्पो व अकील अहमद के खिलाफ एफआईआर दर्ज की थी। बुधवार को आकांक्षा टोप्पो को गिरफ्तार कर कोतवाली पुलिस ने न्यायालय में पेश किया। यहां पहले से मौजूद भाजपा कार्यकर्ताओं ने उसके खिलाफ नारेबाजी शुरु कर दी, ऐसे में पुलिस को उसे छिपाकर कोर्ट में ले जाना पड़ा।
पुलिस ने आकांक्षा को व्यवहार न्यायाधीश वरिष्ठ श्रेणी गुलापन राम यादव (Ambikapur Court) के कोर्ट में पेश किया, यहां दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद न्यायाधीश ने उसे जमानत का लाभ नहीं दिया और जेल भेजने का आदेश दिया। जब पुलिस उसे कोर्ट से लेकर जेल जा रही थी तो कोर्ट परिसर में फिर उसके विरोध और पक्ष में नारे लगे।
बता दें कि आकांक्षा टोप्पो (Akanksha Toppo) के खिलाफ सरगुजा, सीतापुर, रामानुजगंज समेत अन्य थाने में 7 अपराध दर्ज हैं। सोशल मीडिया पर उसके द्वारा लगातार राजनीतिक पार्टी के बड़े नेताओं व मंत्रियों को लेकर आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल किया जा रहा था। पुलिस उसे हर बार समझाइश देती थी कि वह इस तरह की भाषा का प्रयोग न करे। इसके बावजूद भाषा शैली में बदलाव नहीं आ रहा था।
इधर सर्व आदिवासी समाज (Sarv Adivasi Samaj) द्वारा आकांक्षा टोप्पो की गिरफ्तारी का विरोध किया गया है। उन्होंने सोशल मीडिया के माध्यम से 8 अक्टूबर को यह संदेश दिया है कि समाज के लोग पीजी कॉलेज में एकत्र होंगे। फिर रैली के रूप में अंबेडकर चौक, गांधी चौक, घड़ी चौक होते हुए कलेक्टोरेट कूच करेंगे।