
लखनपुर। लखनपुर नगर पंचायत में अब एल्डरमैन नियुक्ति (Aldermen appointment case) को लेकर बीजेपी के पदाधिकारी व कार्यकर्ता आमने-सामने नजर आ रहे हैं। सरकार के ढाई साल बीत जाने के बाद एल्डरमैनों की नियुक्ति की गई, जिसे लेकर अब विरोध नजर आ रहा है। नगर पंचायत चुनाव के दौरान कुछ स्थानीय नेताओं द्वारा कार्यकर्ताओं को पार्षद चुनाव नहीं लडऩे की शर्त पर एल्डरमैन की नियुक्ति दिलाने का आश्वासन दिया गया था। इसके बाद अब एल्डरमैन नियुक्ति में नाम नहीं आने के बाद यह विरोध कार्यकर्ताओं के बीच देखा जा रहा है। वहीं भाजपा पदाधिकारी बोले- हमसे 6 माह पूर्व 3-3 नाम मंगाए गए थे, लेकिन जब लिस्ट आई तो उनमें से किसी का नाम नहीं था।
लखनपुर के वरिष्ठ भाजपा नेता सुभाष अग्रवाल ने कहा कि ऐसा लग रहा है नगर पंचायत लखनपुर में भाजपा के कार्यकर्ताओं का अकाल है। इसलिए कुछ चुनिंदा व्यक्तियों को बार बार एल्डरमैन (Aldermen appointment dispute) का पद दिया जा रहा है।
इसी तरह भाजपा कार्यकर्ता लक्ष्मण साहू ने भी नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा कि हमें 6 माह पूर्व आश्वासन दिया गया था कि आपको एल्डरमैन नियुक्त किया जाएगा, लेकिन हमारा नाम उस सूची में नहीं आया। इसी तरह कई अन्य कार्यकर्ताओं ने भी नाराजगी व्यक्त की है।
कार्यकर्ताओं का कहना है की आखिर में एक ही व्यक्ति को 2 से 3 बार एल्डरमैन (BJP workers angry on Aldermen appointment) बनाया जा रहा है, यह समझ से परे है। भाजपा संगठन की क्या मजबूरी थी जो अन्य सक्रिय कार्यकर्ताओं को मौक़ा नहीं दिया गया। एल्डरमैन नियुक्ति के लिए नाम किसने भेजा, ये भी कार्यकर्ताओं के बीच चर्चा का विषय बना हुआ है।
भाजपा मंडल अध्यक्ष दिनेश बारी ने बताया कि 6 माह पूर्व संगठन द्वारा मेरे से एल्डरमैन नियुक्ति हेतु नाम मांगे गए थे। इसमें मेरे द्वारा सभी सक्रिय कार्यकर्ताओं का नाम भेजा गया था। लेकिन एक ही व्यक्ति को दोबारा एल्डरमैन क्यों नियुक्त किया गया, इस विषय में मुझे कोई जानकारी नहीं है।
भाजपा जिला उपाध्यक्ष दिनेश साहू ने बताया कि मेरे द्वारा 6 माह पूर्व मात्र 3 नाम भेजे गए थे, तीनों में से किसी भी व्यक्ति को संगठन द्वारा एल्डरमैन (Aldermen) के रूप में नियुक्त नहीं किया गया है। बार-बार एक ही व्यक्ति को एल्डरमैन बनाया गया, ये समझ से परे है।