
अंबिकापुर। सरगुजा की संभागीय आबकारी उडऩदस्ता टीम ने 'ऑपरेशन क्लीन' के तहत 24 घंटे के भीतर नशीले इंजेक्शन (Narcotic Injection) के विक्रेताऔर सप्लायर को गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपियों के कब्जे से कुल 130 नशीले इंजेक्शन जब्त किए गए हैं। टीम ने दोनों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत कार्रवाई कर उन्हें जेल भेज दिया है। बता दें कि आबकारी विभाग को 30 जुलाई को सूचना मिली थी कि बलरामपुर जिले के कुसमी निवासी अविनाश पैकरा अंबिकापुर के शांतिपारा स्थित किराए के मकान में रहकर नशीले इंजेक्शन बेच रहा है। इस पर टीम द्वारा तत्काल एक्शन लिया गया।
मुखबिर की सूचना पर सहायक जिला आबकारी अधिकारी रंजीत गुप्ता के नेतृत्व में टीम ने दबिश (Narcotic Injection smuggler arrested) दी। पुलिस को देखकर आरोपी बैग लेकर भागने लगा, लेकिन टीम ने पीछा कर उसे पकड़ लिया। तलाशी के दौरान आरोपी के बैग से 15 रेक्सोजेसिक और 15 एविल इंजेक्शन पाया गया।
पूछताछ में अविनाश ने बताया कि वह यह इंजेक्शन बलरामपुर जिले के अनपारा निवासी अमर विश्वकर्मा उर्फ बिट्टू से खरीदकर लाता था। अविनाश की निशानदेही पर शुक्रवार को आबकारी टीम बलरामपुर जिले के विमलापुर जंगल पहुंची, जहां से अमर विश्वकर्मा उर्फ बिट्टू को गिरफ्तार किया गया। उसके पास से 50 रेक्सोजेसिक और 50 एविल इंजेक्शन (Narcotic injection seized) बरामद किए गए।
आबकारी विभाग ने दोनों आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई कर जेल दाखिल कर दिया है। कार्रवाई में आबकारी उपनिरीक्षक टीआर केहरी, सहायक उपनिरीक्षक रमेश दुबे, प्रधान आरक्षक अशोक सोनी, नगर सैनिक गणेश पांडेय, रणविजय सिंह, रोहित सोनवानी तथा महिला सैनिक राजकुमारी सिंह और चंद्रावती की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
सहायक जिला आबकारी अधिकारी रंजीत गुप्ता ने बताया कि ऑपरेशन क्लीन के तहत लगातार कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने दावा किया कि अंबिकापुर में नशीले इंजेक्शनों की अवैध बिक्री (Illegal injection) करने वाले करीब 90 प्रतिशत आरोपी पहले ही जेल भेजे जा चुके हैं। अब कुछ लोग बलरामपुर और सूरजपुर से नशीला सामान लाकर सप्लाई कर रहे हैं, जिन पर विभाग की नजर है। हमारी टीम ने मुखबिरों को तैनात कर रखा है, नशीले पदार्थों कारोबारी हमसे बच नहीं पाएंगे।