अमरोहा

UP Politics News: अखिलेश संग भाजपा नेता के भाई की तस्वीर वायरल, विधानसभा चुनाव 2027 से पहले गरमाई सियासत

UP Politics News: सपा सुप्रीमो अखिलेश यादव संग भाजपा विधायक महेंद्र सिंह खड़गवंशी के भाई राजेंद्र सिंह खड़गवंशी की तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल होने से यूपी की सियासत गरमा गई है।

2 min read
Aug 05, 2025
UP Politics News: अखिलेश संग भाजपा नेता के भाई की तस्वीर वायरल | Image Source - Social Media

UP Politics News In Hindi: उत्तर प्रदेश की सियासत में एक बार फिर तस्वीर ने हलचल मचा दी है। सोशल मीडिया पर एक फोटो तेजी से वायरल हो रही है, जिसमें सपा सुप्रीमो अखिलेश यादव के साथ भाजपा विधायक महेंद्र सिंह खड़गवंशी के भाई और ब्लॉक प्रमुख राजेंद्र सिंह खड़गवंशी नजर आ रहे हैं। वायरल तस्वीर में राजेंद्र सिंह खड़गवंशी अखिलेश यादव को फूलों का गुलदस्ता भेंट कर रहे हैं।

ये भी पढ़ें

UP Rain: यूपी में बारिश बनी आफत! 48 घंटे का ऑरेंज अलर्ट, स्कूलों में छुट्टी, सड़कों पर जलसैलाब

2027 विधानसभा चुनाव को लेकर चर्चाएं तेज

तस्वीर सामने आने के बाद से ही राजनीतिक गलियारों में चर्चाओं का बाजार गर्म है। चर्चा है कि वर्ष 2027 में होने वाले विधानसभा चुनाव में राजेंद्र सिंह खड़गवंशी सपा से चुनावी मैदान में उतर सकते हैं। सूत्र बताते हैं कि इन दिनों उनकी अपने भाई और भाजपा विधायक महेंद्र सिंह खड़गवंशी से राजनीतिक मतभेद चल रहे हैं।

लोकसभा चुनाव में टिकट न मिलने का मामला

जानकारी के मुताबिक, लोकसभा चुनाव के दौरान राजेंद्र खड़गवंशी ने भाजपा से टिकट की मांग की थी, लेकिन पार्टी ने उन्हें टिकट नहीं दिया। इसके बाद उन्होंने सपा-कांग्रेस गठबंधन से टिकट पाने के लिए प्रयास भी किए थे। बताया जाता है कि वायरल हो रही यह तस्वीर उसी समय की है।

राजेंद्र खड़गवंशी ने दी सफाई

हालांकि, इन अटकलों के बीच राजेंद्र सिंह खड़गवंशी ने सफाई देते हुए कहा है कि वह भाजपा के सच्चे कार्यकर्ता हैं और पार्टी के लिए ही कार्य कर रहे हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी दूसरी पार्टी में जाने का सवाल ही नहीं उठता।

विश्लेषकों ने दिए राजनीतिक संकेत

वहीं, राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि उत्तर प्रदेश की राजनीति में तस्वीरों का अपना महत्व होता है और चुनाव से पहले इस तरह की तस्वीरें कई बार बड़े राजनीतिक संकेत दे जाती हैं। अब देखना यह होगा कि यह मामला सिर्फ एक पुराने समय की तस्वीर भर है या फिर 2027 के चुनाव से पहले किसी नए राजनीतिक समीकरण की आहट।

Also Read
View All

अगली खबर