
Amroha Crime News: यूपी के अमरोहा जिले के थाना गजरौला क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम सुल्तानठेर में उस समय हड़कंप मच गया, जब एक युवक के साथ गंभीर मारपीट का मामला सामने आया। वादी छत्रपाल पुत्र स्व. दीवान सिंह निवासी ग्राम सादुल्लापुर द्वारा पुलिस को दी गई तहरीर में आरोप लगाया गया कि उनके पुत्र सिकन्दर के साथ आरोपियों ने बेरहमी से मारपीट की। आरोपियों ने पहले उसे बंधक बनाया और उसके बाद गाली-गलौज करते हुए लाठी-डंडों से बेरहमी से मारपीट की। इस दौरान उसे जान से मारने की धमकी भी दी गई, जिससे क्षेत्र में तनाव का माहौल बन गया।
घटना की जानकारी मिलते ही थाना गजरौला पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल कार्रवाई की। प्राप्त तहरीर के आधार पर अभियुक्त प्रसादी पुत्र सुखराम, नेकपाल पुत्र सुखराम तथा दीपक पुत्र शीशपाल निवासी ग्राम सुल्तानठेर के विरुद्ध मु0अ0सं0 355/2026 दर्ज किया गया। मामले में बीएनएस की धारा 115(2), 352, 351(2) और 127(2) के तहत अभियोग पंजीकृत कर विधिक प्रक्रिया शुरू की गई। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच को तेज कर दिया है।
प्रकरण की संवेदनशीलता को देखते हुए थाना गजरौला पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए नामजद तीनों अभियुक्त प्रसादी, नेकपाल और दीपक को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद सभी आरोपियों को नियमानुसार माननीय न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया। पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
पुलिस अधीक्षक अमरोहा लखन सिंह यादव ने जनपदवासियों से अपील करते हुए कहा कि किसी भी संदिग्ध व्यक्ति या घटना की सूचना तुरंत पुलिस या डायल-112 पर दें। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि किसी को बंधक बनाना, सार्वजनिक रूप से अपमानित करना या मारपीट करना कानूनन अपराध है। ऐसे मामलों में स्वयं न्याय करने की बजाय पुलिस को सूचना देना आवश्यक है। पुलिस ने कहा कि कानून अपने हाथ में लेने वालों के खिलाफ भी कठोर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी और कानून व्यवस्था बनाए रखना सर्वोच्च प्राथमिकता है।
अमरोहा पुलिस ने स्पष्ट किया है कि भविष्य में इस तरह की किसी भी घटना को हल्के में नहीं लिया जाएगा। किसी व्यक्ति के खिलाफ आरोप होने पर कानून अपने हाथ में लेना पूरी तरह अवैध है और ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने कहा कि किसी भी विवाद या संदेह की स्थिति में सीधे पुलिस को सूचना दें, ताकि समय रहते उचित कानूनी कदम उठाए जा सकें और क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनी रहे।