पाकिस्तानी पीएम अब्बासी ने भारतीय मीडिया पर लगाए ये आरोप।
नई दिल्ली। पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ द्वारा 2008 में मुंबई पर हुए हमलों में पाक आंतकियों का हाथ होने की बात स्वीकारने के बाद से ही उनकी खूब किरकिरी हो रही है। उन्हें अपने ही देश में आलोचना का शिकार होना पड़ रहा है। वहीं, इन सब के बीच पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शाहिद खाकान अब्बासी उनके बचाव में उतर आए हैं।
तो क्या इस वजह से स्मृति ईरानी से छीने गए कई अहम मंत्रालय?
भारतीय मीडिया पर लगाया आरोप
नवाज की हो रही किरकिरी को लेकर अब्बासी ने सारा आरोप भारतीय मीडिया पर जड़ दिया है। अब्बासी का कहना है कि उनके बयान को भारतीय मीडिया ने तोड़-मरोड़ कर पेश किया है।
गलत तथा भ्रामक बयान
आपको बता दें कि नवाज शरीफ के बयान के बाद प्रधानमंत्री शाहिद खाकान अब्बासी की अध्यक्षता में नैशनल सिक्यॉरिटी काउंसिल (NSC) की बैठक हुई थी। इस बैठक के बाद ही पाक पीएम ने नवाज के बयान को खारिज कर दिया था। उन्होंने इसे गलत और भ्रामक बताया था।
मुंबई हमले को लेकर कोई बात नहीं कही
इस बैठक के बाद अब्बासी ने कहा, 'नवाज शरीफ ने मुंबई हमले को लेकर कभी ऐसी कोई बात नहीं कही। नवाज के बयान से बस कयास लगाए गए थे। वहीं, भारतीय मीडिया उनके बयान को दूसरे तरीके से पेश कर रहा है। हमें इससे दूर रहना चाहिए, इसका हिस्सा नहीं बनना चाहिए।'
नवाज के बयान की नहीं हुई निंदा
इस दौरान अब्बासी ने यह भी बताया कि एनएससी ने नवाज के बयान की निंदा नहीं की थी। एनएससी ने नवाज के इंटरव्यू पर की गई रिपोर्टिंग की निंदा की और विरोध जताया था। पाक पीएम ने आगे कहा, 'नवाज ने कभी नहीं कहा कि मुंबई हमला पाकिस्तान ने किया था। उन्होंने बस इतना कहा था कि पाकिस्तान अपनी धरती पर कभी आतंकवाद को पनपने नहीं देता।'
क्या है मामला?
गौरतलब है कि पाकिस्तान के मीडिया चैनल 'डॉन' को दिए इंटरव्यू में शरीफ ने पहली बार माना था कि पाकिस्तान में आतंकी संगठन सक्रिय हैं। उन्होंने सीमा पार करने और लोगों की हत्या करने देने की पाकिस्तान की नीति पर सवाल उठाए थे।
इसके अलावा उन्होंने साक्षात्कार में कहा था कि आतंकी संगठन सक्रिय हैं, क्या उन्हें सीमा पार करने और मुंबई में 150 लोगों की हत्या करने की इजाजत दे देनी चाहिए? नवाज के इसी बयान पर पाक में बवाल मचा है। इतने बवाल के बाद भी नवाज अभी भी अपने बयान पर कायम हैं।