
Chhattisgarh News: महासमुंद और बलौदाबाजार जिले में हफ्तेभर से बाघ नजर आ रहा है। एक अनुमान के मुताबिक वह हर दिन 35 से 40 किलोमीटर मूवमेंट कर रहा है। टाइगर ने एक बार फिर बलौदाबाजार जिले में एंट्री की है। उसे लवन फॉरेस्ट रेंज के आसपास देखा गया है। आबादी के आसपास घूम रहे बाघ को देखते हुए न सिर्फ वन विभाग हाई अलर्ट मोड पर है। बल्कि कई गांवों के लिए भी हाई अलर्ट जारी किया गया है।
लवन रेंज के जिन इलाकों में टाईगर नजर आया है, उन इलाकों में रोड के आसपास वन विभाग द्वारा बैरीकेडिंग की गई है। लेकिन, बड़ा सवाल लवन रेंज में पड़ने वाले दो दर्जन ग्राम हैं। वन विभाग के लिए चिंता की बात है कि किसी भी स्थान पर टाइगर और मानव के बीच द्वंद न होने पाए। लिहाजा, मानव के साथ अब टाइगर की सुरक्षा करना भी बड़ी जिम्मेदारी है।
चिंता क्योंकि जंगलों में शिकार के कई तरीके अपनाए जा रहे
बाघ की सुरक्षा को लेकर वन अमला इसलिए भी चिंता में है क्योंकि जंगलों में शिकारियों द्वारा शिकार के कई तरीके अपनाए जा रहे हैं। वन मंडल के कई इलाकों में शिकारियों द्वारा करंट तार बिछाने, पीने के पानी के पोखरों, तालाबों व अन्य जल स्रोतों में जहर मिलाने, फंदा लगाने की वजह से हर साल कई जानवरों की मौत हो जाती है। ऐसे में टाइगर को शिकारियों से सुरक्षित रखना वन विभाग के लिए अभी सबसे बड़ी चुनौती है।