Man Committed Suicide: मुस्कान खान के लिए बना विनय इमरान बन गया। प्यार के खातिर उसने धर्म बदला। अब विनय ने सुसाइड कर लिया है। जानिए पूरा मामला क्या है?
Man Committed Suicide: बरेली के कैंट क्षेत्र से एक दर्दनाक मामला सामने आया है, जहां एक युवक ने प्रेम विवाह के लिए धर्म परिवर्तन किया, लेकिन शादी के 3 साल बाद पारिवारिक विवाद के चलते उसने आत्महत्या कर ली। इस घटना ने परिवार और आसपास के लोगों को गहरे सदमे में डाल दिया है। युवक ने मौत से पहले अपनी मां को फोन कर अपने फैसले पर पछतावा भी जताया था।
मृतक युवक की पहचान रामपुर जिले के बिलासपुर थाना क्षेत्र के शिवपुरी मोहल्ला निवासी विनय प्रजापति के रूप में हुई है। उसके पिता विजय प्रजापति ने बताया कि विनय करीब 5 साल पहले काम की तलाश में बरेली आया था। वह मोहनपुर ठिरिया क्षेत्र में किराये के मकान में रहकर छोटी-मोटी नौकरी करता था।
बरेली में रहने के दौरान विनय की मुलाकात बिचपुरी गांव निवासी मुस्कान खान से हुई। दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ीं और उन्होंने शादी करने का फैसला लिया। परिवार के अनुसार, मुस्कान के कहने पर विनय ने धर्म परिवर्तन कर लिया और अपना नाम बदलकर इमरान रख लिया। शादी के बाद दोनों के 2 बेटियां भी हुईं।
परिजनों के अनुसार, बीते कुछ दिनों से विनय और उसकी पत्नी मुस्कान के बीच विवाद चल रहा था। गुरुवार को दोनों के बीच कहासुनी बढ़ गई, जिसके बाद मुस्कान बच्चों को लेकर अपने मायके चली गई। इस घटना के बाद विनय मानसिक रूप से काफी परेशान हो गया था।
परिजनों ने बताया कि शुक्रवार रात विनय ने अपनी मां को फोन किया और कहा कि उसने धर्म परिवर्तन का फैसला जल्दबाजी में लिया था। साथ ही उसने मां से कहा कि उससे गलती हो गई है। उसने अपने फैसले पर पछतावा भी जाहिर किया। यह कॉल उसकी जिंदगी का आखिरी संवाद साबित हुआ।
इसी रात विनय ने अपने किराये के कमरे में फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। सुबह जब काफी देर तक कमरे का दरवाजा नहीं खुला, तो पड़ोसियों को शक हुआ। उन्होंने पुलिस और परिजनों को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने दरवाजा खुलवाया, जहां विनय का शव फंदे से लटका मिला।
कैंट थाना प्रभारी संजय धीर ने बताया कि घटनास्थल से कोई सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि पारिवारिक विवाद के चलते युवक ने यह कदम उठाया। मामले में किसी पर कोई आरोप नहीं लगाया गया है।
पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद शव को परिजनों को सौंप दिया गया। खास बात यह रही कि दोनों पक्षों के लोगों ने दस्तखत कर शव को प्राप्त किया। इस घटना के बाद परिवार में मातम पसरा हुआ है और पूरे इलाके में शोक का माहौल है।
यह घटना एक बार फिर रिश्तों, सामाजिक दबाव और व्यक्तिगत फैसलों के असर को उजागर करती है। प्रेम विवाह और धर्म परिवर्तन जैसे मुद्दों पर संवेदनशीलता और समझदारी की आवश्यकता को भी यह मामला सामने लाता है।