
Azam Khan ED Action Update: ऑल इंडिया मुस्लिम जमात के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी ने समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता आजम खान के ठिकानों पर प्रवर्तन निदेशालय (ED) की कार्रवाई, उत्तर प्रदेश-जापान निवेश समझौते और सपा प्रमुख अखिलेश यादव के बयानों को लेकर प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि ठोस सूचना पर ही ED कार्रवाई कर रही है।
सपा नेता आजम खान के ठिकानों पर ED की छापेमारी को लेकर मौलाना शहाबुद्दीन रजवी ने कहा कि छापेमारी करना जांच एजेंसी का काम है। रजवी ने कहा कि ED ने आजम खान के दफ्तरों, घर, दुकानों, संपत्तियों और संस्थानों समेत अलग-अलग ठिकानों पर कार्रवाई की है। उन्होंने कहा कि संभव है कि जांच एजेंसी को कोई ठोस जानकारी मिली हो। इसके अलावा दस्तावेजों, बैंक लेन-देन या ऑडिट रिकॉर्ड में किसी तरह की गड़बड़ी सामने आई हो, जिसके आधार पर ED ने यह कार्रवाई की हो।
उत्तर प्रदेश और जापान के बीच निवेश को लेकर हुए समझौते पर मौलाना शहाबुद्दीन ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की निवेश नीति की सराहना की। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री लंबे समय से उत्तर प्रदेश में निवेश आकर्षित करने के लिए प्रयास कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार की ओर से मंत्रियों और प्रतिनिधिमंडलों को अलग-अलग देशों में भेजा जाता रहा है। इसका उद्देश्य विदेशी उद्योगपतियों को उत्तर प्रदेश में निवेश के लिए प्रोत्साहित करना है।
मौलाना शहाबुद्दीन रजवी ने कहा कि जापान के साथ हुए समझौते के बाद उत्तर प्रदेश में जापानी कंपनियों के निवेश की उम्मीद है। उनके मुताबिक, इससे प्रदेश में उद्योगों को बढ़ावा मिल सकता है और युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा हो सकते हैं।
सपा प्रमुख अखिलेश यादव के भाजपा गठबंधन में सीट बंटवारे को लेकर किए गए ट्वीट पर भी मौलाना शहाबुद्दीन ने निशाना साधा। उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव ऐसे सीटों का बंटवारा कर रहे हैं, जैसे वह खुद NDA गठबंधन के अध्यक्ष हों। उन्होंने आरोप लगाया कि अखिलेश यादव ने अनुप्रिया पटेल, जयंत चौधरी और ओम प्रकाश राजभर समेत अन्य सहयोगी दलों के लिए भी सीटें तय कर दी हैं।
मौलाना शहाबुद्दीन रजवी ने दावा किया कि अखिलेश यादव सार्वजनिक तौर पर कुछ और बयान देते हैं, जबकि भाजपा के साथ अलग तरह की रणनीति बनाते हैं। हालांकि, यह उनका राजनीतिक आरोप है और इसके समर्थन में उन्होंने कोई दस्तावेजी प्रमाण पेश नहीं किया।
मुसलमानों की स्थिति पर प्रतिक्रिया देते हुए मौलाना शहाबुद्दीन रजवी ने कहा कि भारत में मुस्लिम समुदाय आजादी के साथ अपनी धार्मिक, सामाजिक और राजनीतिक गतिविधियां करता है। उन्होंने दावा किया कि देश में मुसलमानों को डरने की जरूरत नहीं है। उन्होंने कहा कि भारत मुसलमानों के पूर्वजों की भी भूमि है।