बाड़मेर

Rajasthan New Rail Line: रिफाइनरी तक बालोतरा से ही जाएगी रेल या यहां से बिछेगी नई पटरी

Rajasthan New Rail Line: पचपदरा विधायक नई रेल लाइन बिछाकर जोड़ने का प्रस्ताव रेल मंत्री को दिल्ली पहुंचकर दे आए हैं। रेलवे की जमीन पर अतिक्रमण कर लिया गया है। इस कारण अब यह झंझट हो गया है।

2 min read
Mar 23, 2026
Train (Photo: IRCTC)

Rajasthan New Rail Line: बाड़मेर। रिफाइनरी को रेल से जोड़ने के मामले में पेच उलझ गया है। रेलवे पुरानी रेलवे की जमीन को ही अवाप्त कर पुराने मार्ग से ही रेल से पचपदरा को जोड़ने का प्रस्ताव बना रही है तो इधर पचपदरा विधायक तिलवाड़ा से नई रेल लाइन बिछाकर जोड़ने का प्रस्ताव रेल मंत्री को दिल्ली पहुंचकर दे आए हैं। रेलवे की जमीन पर अतिक्रमण कर लिया गया है। इस कारण अब यह झंझट हो गया है।

पचपदरा में रिफाइनरी के निर्माण के साथ ही अब रिफाइनरी में आवश्यक परिवहन के लिए यहां रेल सुविधा देने की दरकार है। रेलवे लाइन से पचपदरा अंग्रेजों के जमाने से जुड़ा हुआ था। यहां नमक का उद्योग होने से रेलवे स्टेशन और भवन थे। रेलवे की जमीन भी रही है।

ये भी पढ़ें

Rajasthan Roadways: राजस्थान रोडवेज प्रबंधन ने बदला फैसला, दौसा-डिग्गी बस अब पुराने समय पर ही चलेगी

आजादी के बाद भी यह रेलमार्ग चलता रहा। यहां एक पव्वा (चार कोच की गाड़ी) चलती थी। जानकार बताते हैं कि वर्ष 1989-90 की बाढ़ में रेल पटरियां पानी में डूब गई थी। रेल को उलटा वापस बालोतरा लाया गया। इसके बाद यहां रेल नहीं चली।

रेलवे ने ध्यान नहीं दिया

यह रेलवे लाइन शहर के बीचों-बीच से पचपदरा जाती थी। रेलवे ने पटरियां उखाडऩे के बाद इस जमीन की ओर ध्यान नहीं दिया। इधर अतिक्रमी इस जमीन पर काबिज होते गए और भवन बना दिए गए। यह मान लिया गया था कि अब पचपदरा रेल से नहीं जुड़ेगा। रेलवे ने हाल ही में पचपदरा को रिफाइनरी की वजह से फिर से जोडऩे का निर्णय लिया।

विधायक पहुंचे दिल्ली

विधायक अरूण चौधरी इस मामले को लेकर बीते दिनों दिल्ली पहुंचे। उन्होंने रेलमंत्री अश्वनी वैष्णव से मुलाकात कर मांग की है कि रेलवे के लिए तिलवाड़ा गांव से नई रेल पटरी बिछा दी जाए, जो सीधे रिफाइनरी को जोड़ देगी।

पचपदरा का रेलवे स्टेशन जहां कभी ट्रेन जाती थी। Photo- Patrika

पुरानी पटरी पर लोगों ने मकान बना लिए हैं और दूसरा यह रेल लाइन शहर को दो भागों में भी बांट देगी। बीच शहर से रेल निकालने का ऐतराज भी किया।

नई जमीन के लिए देना होगा मुआवजा

इस मामले को लेकर अब नई जमीन अवाप्त करने पर मुआवजा रेलवे को अदा करना होगा। पुरानी रेलवे पटरी की जगह पर रेलवे को मुआवजा देने की जरूरत नहीं रहेगी, लेकिन सालों से काबिज अतिक्रमियों को हटाने की मशक्कत भारी पडऩी है।

रेलवे के लिए रिफाइनरी का प्रोजेक्ट बहुत बड़ा है। इसके बाद यहां पेट्रोकेमिकल हब भी लगना है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी रिफाइनरी के उद्घाटन को लेकर कभी भी आ सकते हैं। ऐसे में रेलवे प्रधानमंत्री के दौरे से पहले ही इस प्रोजेक्ट को हरी झंडी दिखाने के लिए फैसला जल्दी करने के मूड में है।

ये भी पढ़ें

Infra News: राजस्थान में जल्द एक और रेल लाइन हो जाएगी डबल, सफर होगा तेज और आसान

Published on:
23 Mar 2026 12:11 pm
Also Read
View All
Rajasthan Murder Case: अवैध संबंध में कर डाली सारी हदें पार, पत्नी ने रात को प्रेमी को घर बुलाया, सो रहे पति को गला घोंटकर मार डाला

Luni River Pollution : लूणी नदी प्रदूषण पर सुप्रीम कोर्ट की सख्ती, बालोतरा में तीसरी बार पहुंची उच्चस्तरीय टीम

रेगिस्तान में दम तोड़ता जल जीवन मिशन: बाड़मेर-बालोतरा के हजारों गांवों में नलों से आ रहा ‘जहरीला’ पानी, 5 साल में सिर्फ 21% काम

700 साल पुराना तिलवाड़ा मेला: 2.25 करोड़ का स्टेडियम फाइलों में कैद, रेत पर बैठकर घुड़दौड़ देखने को मजबूर हजारों लोग

बाड़मेर पुलिस महकमे में बड़ा फेरबदल: चूनाराम जाट बने नए SP, सदर थाने में शामिल हुए ये गांव; 4 वृत्तों में बंटा जिला

अगली खबर