Bharatpur : भरतपुर शहर की गैस एजेंसियों पर ‘जंग जैसे हालात’ बने हुए है। एलपीजी सिलेंडर की बढ़ी कीमत और बुकिंग प्रकिया में आए बदलाव के बाद गैस की संभावित कमी की अफवाह फैल गई। जिसके बाद बड़ी संख्या में लोग गैस सिलेंडर भराने के लिए एजेंसियों पर पहुंच गए। जिला रसद विभाग ने स्पष्ट किया है कि गैस की किसी प्रकार की कमी नहीं है।
Bharatpur : अमेरिका, इजराइल और ईरान के बीच बढ़ते तनाव की खबरों के बीच शनिवार को भरतपुर शहर की गैस एजेंसियों पर ‘जंग जैसे हालात’ नजर आए। गैस की संभावित कमी की अफवाह फैलते ही बड़ी संख्या में लोग गैस सिलेंडर भराने के लिए एजेंसियों पर पहुंच गए। अचानक बढ़ी भीड़ से कई एजेंसियों पर व्यवस्था चरमरा गई। हालांकि जिला रसद विभाग ने स्पष्ट किया है कि गैस की किसी प्रकार की कमी नहीं है और लोगों को घबराने की जरूरत नहीं है।
दरअसल शनिवार से घरेलू एलपीजी सिलेंडर के दाम बढ़ गए हैं। तेल कंपनियों ने घरेलू सिलेंडर की कीमत में 60 रुपए और कॉमर्शियल सिलेंडर में 114 रुपए की बढ़ोतरी की है। भरतपुर में पहले घरेलू सिलेंडर 863 रुपए का मिल रहा था, जो अब बढ़कर 923 रुपए का हो गया है।
जैसे ही लोगों को दाम बढ़ने की जानकारी मिली, वे बुकिंग कराने और सिलेंडर लेने के लिए गैस एजेंसियों पर पहुंचने लगे। एजेंसी संचालकों के अनुसार आम दिनों में जहां करीब 150-200 उपभोक्ता सिलेंडर लेने आते थे, वहीं शनिवार को यह संख्या बढ़कर करीब 500 तक पहुंच गई।
अचानक बढ़ी भीड़ के कारण कर्मचारियों को भी अतिरिक्त दबाव में काम करना पड़ा। लोगों में यह आशंका थी कि यदि अंतरराष्ट्रीय हालात बिगड़े तो गैस की आपूर्ति प्रभावित हो सकती है, इसलिए वे पहले से ही सिलेंडर भरवाकर स्टॉक करने में जुट गए।
उपभोक्ताओं की परेशानी का एक कारण बुकिंग प्रकिया में बदलाव भी है। पहले उपभोक्ता 15 दिन में सिलेंडर बुक करा सकते थे, लेकिन अब यह अवधि बढ़ाकर 21 दिन कर दी गई है। इसके अलावा कई उपभोक्ताओं ने शिकायत की कि बुकिंग के लिए दिए गए फोन नंबर भी बंद आ रहे थे, जिससे वे परेशान होकर सीधे एजेंसियों पर पहुंच गए।
हालांकि पहले से ही गैस एजेंसियों पर सिलेंडर बुक कराने के लिए 21 दिन का समय तय था, लेकिन गैस की अच्छी आपूर्ति के कारण अब 15 दिन में ही सिलेंडर मिल रहा था। अब एजेंसियों के सॉफ्टवेयर पर 21 दिन का समय करने से लोगों में सिलेंडर लेने की होड़ सी मच गई।
गैस की किसी भी तरह की शॉर्टेज नहीं है। लोग युद्ध की आशंका के बीच स्टॉक करने को सिलेंडर भराने पहुंच रहे हैं, जबकि गैस की कमी नहीं है। स्टॉक करने की होड़ में गैस एजेंसियों पर अचानक भीड़ बढ़ रही है। आगे भी गैस की किल्लत होने के आसार नहीं हैं।
पवन अग्रवाल, जिला रसद अधिकारी भरतपुर