Weather Update: मौसम विभाग ने दुर्ग जिले में लू को लेकर ऑरेंज अलर्ट जारी किया है और अगले 48 घंटों में गर्मी और बढ़ने की संभावना जताई है। इसी बीच 25 मई से नौतपा की शुरुआत होने जा रही है, जिससे प्रदेश में भीषण गर्मी का असर और अधिक बढ़ सकता है।
Heatwave Alert: दुर्ग जिले में गर्मी लगातार रिकॉर्ड तोड़ रही है। गुरुवार को अधिकतम तापमान 44.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो इस सीजन का सबसे गर्म दिन रहा। तेज धूप और गर्म हवाओं के कारण दोपहर में सड़कें सूनी नजर आईं। मौसम विभाग ने जिले में लू को लेकर ऑरेंज अलर्ट जारी किया है और अगले 48 घंटों में तापमान दो डिग्री तक और बढ़ने की संभावना जताई है। रात का तापमान भी 27.2 डिग्री तक पहुंचने से लोगों को दिन-रात उमस और बेचैनी का सामना करना पड़ रहा है।
मौसम विभाग के अनुसार, 25 मई से नौतपा शुरू होगा, जिससे गर्मी और ज्यादा असर दिखा सकती है। शाम के समय तेज आंधी, बादल और हल्की बारिश की संभावना बनी हुई है। लोगों को दोपहर में अनावश्यक बाहर निकलने से बचने, पर्याप्त पानी पीने और धूप से बचाव की सलाह दी है।
मौसम विभाग ने अगले 24 घंटे के लिए कई जिलों में हीटवेव का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। इनमें बिलासपुर, रायगढ़, सारंगढ़-बिलाईगढ़, मुंगेली, जांजगीर-चांपा, बलौदाबाजार, रायपुर, धमतरी, दुर्ग, बेमेतरा, कबीरधाम, खैरागढ़-छुईखदान-गंडई और राजनांदगांव शामिल हैं।
विभाग के अनुसार दक्षिण-पश्चिम मानसून केरल पहुंचने के बाद धीरे-धीरे आगे बढ़ेगा और छत्तीसगढ़ में इसकी एंट्री 13 जून के आसपास होने की संभावना है। मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि इस बार भी मानसून प्रदेश में जगदलपुर के रास्ते प्रवेश कर सकता है। इसके बाद दो से तीन दिनों के भीतर मानसून रायपुर पहुंचेगा, जबकि 20 जून तक पूरे प्रदेश में इसके सक्रिय होने के आसार हैं।
मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक, लक्षद्वीप क्षेत्र के ऊपर घने बादलों की गतिविधियां बढ़ रही हैं, जिससे अनुमान लगाया जा रहा है कि मानसून 26 मई के आसपास केरल पहुंच सकता है। इसके बाद छत्तीसगढ़ में मानसून के आगमन की प्रक्रिया तेज होगी। हालांकि इस दौरान मौसमीय परिस्थितियों और हवा के दबाव में बदलाव के कारण इसकी रफ्तार कुछ धीमी रह सकती है।
विशेषज्ञों का कहना है कि पिछले वर्षों के अनुभव और वर्तमान मौसमी संकेतों को देखते हुए मानसून अपने तय समय के आसपास ही प्रदेश में दस्तक देगा। फिलहाल राज्य में गर्म और शुष्क हवाओं का असर लगातार बना हुआ है, जिससे तापमान में तेजी से वृद्धि हो रही है।