भिलाई

सुपेला-गदा चौक फ्लाईओवर बनेगा या नहीं? 500 कारोबारियों पर असर की आशंका, व्यापारियों ने सांसद से मांगा पुनर्विचार

Supela Gada Chowk Flyover: भिलाई में सुपेला चौक से गदा चौक तक प्रस्तावित फ्लाईओवर को लेकर निर्माण से पहले ही विवाद शुरू हो गया है। व्यापारियों ने इसके निर्माण से कारोबार और यातायात व्यवस्था पर संभावित असर का हवाला देते हुए सांसद विजय बघेल से परियोजना पर पुनर्विचार की मांग की है।
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Aug 27, 2026
Chhattisgarh News
सुपेला-गदा चौक फ्लाईओवर बनेगा या नहीं? (फोटो सोर्स- पत्रिका)

Bhilai Flyover: भिलाई के सुपेला चौक से गदा चौक तक प्रस्तावित करीब एक किलोमीटर लंबे फ्लाईओवर का निर्माण शुरू होने से पहले ही विरोध शुरू हो गया है। क्षेत्र के व्यापारियों और स्थानीय नागरिकों ने सांसद विजय बघेल से मुलाकात कर परियोजना को स्थगित करने और इसकी उपयोगिता की नए सिरे से समीक्षा कराने की मांग की है। सांसद ने व्यापारियों की आपत्तियां सुनकर अधिकारियों से परियोजना पर पुनर्विचार करने को कहा है।

फ्लाईओवर के लिए फिलहाल मिट्टी की जांच शुरू की गई है। इसके बाद एस्टीमेट और डीपीआर तैयार कर शासन को भेजा जाएगा। मंजूरी और बजट मिलने के बाद निर्माण शुरू होगा।

व्यापार प्रभावित होने की आशंका

गणेश मार्केट, सुपेला व्यापारी संघ और होलसेल होजियरी रेडीमेड एंड क्लॉथ मर्चेंट एसोसिएशन सहित अन्य व्यापारियों ने सांसद को बताया कि प्रस्तावित मार्ग महत्वपूर्ण व्यावसायिक क्षेत्र है। सड़क की चौड़ाई करीब 100 से 150 फीट है और वर्तमान में आवागमन में बड़ी समस्या नहीं है। ऐसे में फ्लाईओवर बनने से सर्विस रोड, चौराहों और आसपास के बाजारों में यातायात तथा पार्किंग की समस्या बढ़ने की आशंका है।

व्यापारियों के अनुसार, निर्माण से करीब 500 कारोबारियों के हित प्रभावित हो सकते हैं। उन्होंने परियोजना की लागत, ट्रैफिक सर्वे, स्वीकृति और वैकल्पिक यातायात व्यवस्था की जानकारी सार्वजनिक करने की मांग की।

Bhilai Flyover: ट्रैफिक सर्वे और जनसुनवाई की मांग

व्यापारियों ने कहा कि फ्लाईओवर वास्तव में यातायात समस्या का स्थायी समाधान है या नहीं, इसका वैज्ञानिक अध्ययन कराया जाए। निर्माण के दौरान होने वाले यातायात अवरोध, धूल, दुर्घटना के जोखिम और व्यापारिक नुकसान का भी आकलन होना चाहिए। प्रभावित व्यापारियों और नागरिकों के साथ पारदर्शी जनसुनवाई कर उनकी राय ली जाए।

व्यापारियों की प्रमुख मांग

  • फ्लाईओवर वास्तव में यातायात समस्या का स्थायी समाधान है या नहीं, इसका आकलन हो।
  • सर्विस रोड, चौराहों और बाजारों में यातायात व पार्किंग पर पड़ने वाले असर का अध्ययन हो।
  • व्यापारिक प्रतिष्ठानों, ग्राहकों की आवाजाही और कारोबार पर संभावित आर्थिक प्रभाव का सर्वे कराया जाए।
  • वर्तमान और भविष्य की यातायात जरूरतों का वैज्ञानिक ट्रैफिक सर्वे कर रिपोर्ट सार्वजनिक की जाए।
  • निर्माण के दौरान यातायात अवरोध, धूल, दुर्घटना जोखिम और व्यापारिक नुकसान का आकलन हो।
  • वैकल्पिक यातायात व्यवस्था की संभावनाओं का भी अध्ययन किया जाए।
  • प्रभावित व्यापारियों और नागरिकों के साथ पारदर्शी जनसुनवाई कर उनकी राय ली जाए।

विकास के खिलाफ नहीं

व्यापारियों ने स्पष्ट किया कि वे विकास कार्यों के विरोधी नहीं हैं। उनकी मांग है कि बेहतर सड़क और यातायात व्यवस्था के साथ स्थानीय व्यापार और भविष्य की जरूरतों को भी ध्यान में रखा जाए। उनका कहना है कि फ्लाईओवर की उपयोगिता और वैकल्पिक व्यवस्थाओं का अध्ययन करने के बाद ही अंतिम निर्णय लिया जाना चाहिए।

Updated on:
27 Aug 2026 02:11 pm
Published on:
27 Aug 2026 02:11 pm