भिवाड़ी

दिल्ली से 67 किमी दूर राजस्थान में विकसित होगी ग्रीन इको सिटी, गुड़गांव की तर्ज पर होगा विकास, सर्वे का काम पूरा

राजस्थान की उद्योग नगरी भिवाड़ी को क्लीन एंड ग्रीन इको सिटी के रूप में विकसित करने की दिशा में काम तेज हो गया है। 5 दिनों के अंदर फील्ड सर्वे का कार्य पूरा हो चुका है। अब डिजाइन, ड्राइंग और विभिन्न विकास कार्यों की लागत तय की जा रही है।
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May 26, 2026
bhiwadi
भिवाड़ी की मौजूदा और भविष्य की तस्वीर (फोटो- पत्रिका)

भिवाड़ी। दिल्ली से करीब 67 किलोमीटर दूर स्थित औद्योगिक शहर भिवाड़ी अब बड़े बदलाव की ओर बढ़ रहा है। शहर को क्लीन एंड ग्रीन इको सिटी के रूप में विकसित करने की योजना ने रफ्तार पकड़ ली है। पांच दिन तक चला फील्ड सर्वे पूरा हो चुका है और अब डिजाइन, ड्राइंग तथा विभिन्न विकास कार्यों की लागत तय करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। अधिकारियों के अनुसार जून माह तक डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार होने की संभावना है। इसके बाद रिपोर्ट को मंजूरी के लिए शासन के पास भेजा जाएगा। स्वीकृति मिलने के बाद टेंडर प्रक्रिया पूरी कर विकास कार्य शुरू किए जाएंगे।

राज्य सरकार ने इस महत्वाकांक्षी परियोजना के लिए 50 करोड़ रुपए की राशि स्वीकृत की है। डीपीआर तैयार करने का जिम्मा जयपुर स्मार्ट सिटी के माध्यम से रुडिसको को सौंपा गया है। परियोजना का उद्देश्य भिवाड़ी को आधुनिक सुविधाओं से लैस कर ऐसा शहर बनाना है, जहां विकास और पर्यावरण संरक्षण दोनों साथ-साथ आगे बढ़ें।

स्मार्ट सुविधाओं से बदलेगी शहर की तस्वीर

इको सिटी परियोजना के तहत शहर में स्मार्ट रोड विकसित की जाएंगी। इन सड़कों में भूमिगत यूटिलिटी डक्ट, पेडेस्ट्रियन वॉक-वे, ग्रीन लैंडस्केपिंग, स्मार्ट पार्किंग, आधुनिक बस स्टॉप और ईवी चार्जिंग स्टेशन जैसी सुविधाएं शामिल की जाएंगी। इसके अलावा शहर में स्मार्ट स्ट्रीट लाइटिंग सिस्टम लगाया जाएगा और लंबे समय से समस्या बने बिजली के झूलते तारों को भूमिगत किया जाएगा।

शहर की होगी लाइव मॉनिटरिंग

शहर के अलग-अलग हिस्सों में स्ट्रीट वेंडर जोन विकसित करने की योजना भी तैयार की गई है। नगर परिषद में इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर स्थापित किया जाएगा, जहां से शहर की कई व्यवस्थाओं की लाइव मॉनिटरिंग की जाएगी। यातायात प्रबंधन, वायु प्रदूषण नियंत्रण और अन्य नागरिक सेवाओं पर एकीकृत निगरानी रखी जाएगी। शहर के कुछ हिस्सों में वाई-फाई सुविधा भी उपलब्ध कराने की तैयारी है।

एआई बेस्ड होगा ट्रैफिक मैनेजमेंट

बारिश के पानी के संरक्षण के लिए रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम विकसित होंगे। बाबा मोहनराम मंदिर के सामने कॉरिडोर निर्माण का प्रस्ताव भी योजना में शामिल किया गया है। वहीं स्मार्ट इंफ्रास्ट्रक्चर के तहत कचरा प्रबंधन को ऑटोमेट किया जाएगा। इंटेलिजेंट ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम के जरिए यातायात व्यवस्था और सार्वजनिक परिवहन को बेहतर बनाया जाएगा। ई-गवर्नेंस सेवाओं को बढ़ावा देते हुए कई सरकारी सेवाएं ऑनलाइन की जाएंगी। सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने के लिए शहर में सीसीटीवी कैमरे और आईओटी आधारित सेंसर लगाए जाएंगे।

एनसीआर में बढ़ेगी भिवाड़ी की चमक

राजस्थान का भिवाड़ी शहर दिल्ली, गुरुग्राम और नोएडा के निकट होने के बावजूद अभी तक एनसीआर के अन्य शहरों जैसी आधुनिक सुविधाओं से वंचित रहा है। औद्योगिक विस्तार के बावजूद शहर में सुनियोजित विकास मॉडल नहीं बन पाया। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि समय रहते आधुनिक सुविधाओं का विकास किया गया तो भिवाड़ी को गुरुग्राम की काउंटर मैग्नेट सिटी के रूप में विकसित किया जा सकता है, जिससे निवेश और रोजगार के नए अवसर बढ़ेंगे।

Updated on:
26 May 2026 06:58 pm
Published on:
26 May 2026 06:57 pm